1. Hindi News
  2. पश्चिम बंगाल
  3. पश्चिम बंगाल चुनाव: हावड़ा दक्षिण सीट से लगातार तीन बार से जीत रही TMC, जानिए क्षेत्र का चुनावी इतिहास

पश्चिम बंगाल चुनाव: हावड़ा दक्षिण सीट से लगातार तीन बार से जीत रही TMC, जानिए क्षेत्र का चुनावी इतिहास

 Published : Mar 07, 2026 09:03 pm IST,  Updated : Mar 07, 2026 09:03 pm IST

हावड़ा दक्षिण विधानसभा सीट से टीएमसी लगातार तीन बार से जीत दर्ज कर रही है। इस क्षेत्र में टीएमसी ने ओबीसी और मुस्लिम वोट बैंक में अच्छी पकड़ बना रखी है।टीएमसी ने ओबीसी और मुस्लिम वोट बैंक में अच्छी पकड़ बना रखी है।

हावड़ा दक्षिण विधानसभा सीट- India TV Hindi
हावड़ा दक्षिण विधानसभा सीट Image Source : INDIA TV GFX

पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले में स्थित हावड़ा दक्षिण विधानसभा सीट राज्य की राजनीति में एक प्रमुख भूमिका निभाती है। इस इलाके में औद्योगिक गतिविधियां, व्यापार और आवासीय विकास चुनावी मुद्दों को प्रभावित करते हैं। आइए इस सीट की राजनीतिक प्रोफाइल, जातीय समीकरण और पिछले तीन चुनावों के नतीजों पर नजर डालते हैं।

हावड़ा दक्षिण विधानसभा सीट हावड़ा लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है। इस सीट पर हावड़ा नगर निगम के वार्ड नंबर 35, 38 से 41, 44 से 46 शामिल हैं। साथ ही संकराइल सामुदायिक विकास ब्लॉक के दुइला, जोरहाट, पंचपाड़ा और थानामकुआ ग्राम पंचायतें भी आती हैं। हावड़ा दक्षिण विधानसभा सीट में कुल मतदाताओं की संख्या करीब 2.94 लाख है। यहां की जनसांख्यिकी में औद्योगिक मजदूरों और शहरी मध्यम वर्ग का प्रभाव प्रमुख है, जो विकास परियोजनाओं और स्थानीय अर्थव्यवस्था पर निर्भर करता है।

ओबीसी और मुस्लिम वोटों पर टीएमसी की पकड़

हावड़ा दक्षिण में जातीय समीकरण राजनीतिक दलों की रणनीति को आकार देते हैं। यहां मुस्लिम आबादी लगभग 28 प्रतिशत है, जो अल्पसंख्यक वोटों का मजबूत आधार प्रदान करती है। अनुसूचित जाति (SC) में बागड़ी समुदाय की महत्वपूर्ण उपस्थिति है, जबकि बौरी समुदाय की मौजूदगी कम है। इस सीट पर तृणमूल कांग्रेस (TMC) मुस्लिम और ओबीसी वोटों पर निर्भर रहती है, जबकि भाजपा एससी और सामान्य वर्ग में अपनी पैठ बढ़ाने की कोशिश करती है। हावड़ा दक्षिण में पिछले दशक से टीएमसी का प्रभुत्व रहा है, जहां ब्रजमोहन मजूमदार और नंदिता चौधुरी जैसे नेता प्रमुख रहे हैं। 

2021 में इस सीट से जीतीं नंदिता चौधरी

पिछले विधानसभा चुनाव में हावड़ा दक्षिण सीट पर टीएमसी का वर्चस्व देखने को मिला। टीएमसी की उम्मीदवार नंदिता चौधुरी को 1,16,839 वोट मिले। उन्होंने भाजपा के रंतिदेव सेनगुप्ता को हराया। भाजपा के उम्मीदवार को 66,270 वोट (30.55%) मिले। सीपीआई(एम) की सुमित्रा अधिकारी को 27,287 वोट (12.58%) मिले थे। 

2016 का विधानसभा चुनाव परिणाम 

2016 के विधानसभा चुनाव परिणाम में भी टीएमसी ने अपनी पकड़ बनाए रखी थी। टीएमसी के उम्मीदवार ब्रजमोहन मजूमदार ने 93,689 वोट (47.79%) के साथ जीत हासिल की। सीपीआई(एम) के अरिंदम बसु दूसरे स्थान पर रहे, जिन्हें 77,495 वोट (39.53%) मिले। भाजपा की सहना गुहा रॉय तीसरे नंबर रहे, उन्हें 16,277 वोट (8.30%) मिले। 

2011 में टीएमसी से जीते ब्रजमोहन मजूमदार

2011 के विधानसभा चुनाव में यहां से टीएमसी ने ही जीत दर्ज की। टीएमसी के उम्मीदवार ब्रजमोहन मजूमदार ने सीपीआई(एम) के उम्मीदवार कृष्ण किशोर रॉय को हराया था। टीएमसी के ब्रजमोहन मजूमदार ने 1,01,066 वोट (56.06%) हासिल कर जीत दर्ज की थी। दूसरे स्थान पर सीपीआईएम के कृष्ण किशोर रॉय रहे, जिन्हें 69,644 वोट (38.63%) मिले। इस सीट पर तीसरे स्थान पर बीजेपी की उम्मीदवार प्रमिला सिंह रहीं, उन्हें मात्र 4,256 वोट मिले थे।

 

 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। पश्चिम बंगाल से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।