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Booker Prize List: बुकर प्राइज लिस्ट में शामिल होने वालीं सबसे युवा लेखिका बनी लीला मोटली

 Published : Jul 31, 2022 04:40 pm IST,  Updated : Jul 31, 2022 04:40 pm IST

Booker Prize List: लीला को मात्र 16 साल की उम्र में ऑकलैंड की युवा कवयित्री चुना गया था और वह अपने 17वें जन्मदिन से पहले ‘नाइटक्रॉलिंग’ लिखना शुरू कर चुकी थीं। हाई स्कूल पास करने तक वह इस उपन्यास (Novel) की पटकथा लगभग पूरी कर चुकी थीं।

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Highlights

  • नाइटक्रॉलिंग को सर्वश्रेष्ठ नोबेल की लिस्ट में मिला स्थान
  • पिता से मिली कलात्मक सपने को पूरा करने की प्रेरणा
  • लीला को मात्र 16 साल की उम्र में ऑकलैंड की युवा कवयित्री चुना गया था

Booker Prize List: कैलिफोर्निया (California) के ऑकलैंड में जन्मीं मात्र 20 साल की लीला मोटली साल 2022 के बुकर प्राइज के दावेदारों में शामिल अब तक की सबसे युवा लेखिका हैं। फिलहाल लीला के जिस उपन्यास ‘नाइटक्रॉलिंग’ को सर्वेश्रेष्ठ उपन्यास की सूची में स्थान मिला है, उसने विश्व साहित्य में सभी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है। अमेरिकी पुलिस सिस्टम के भीतर काले लोगों और अछूत समझी जाने वाली सेक्स वर्कर्स को न्याय की आस में किस प्रकार का उत्पीड़न झेलना पड़ता है, यह उपन्यास उसी दुष्चक्र को कथानक (Plot) के रूप में लेकर चला है।

लीला मोटली का पहला उपन्यास

दुनिया की सबसे शक्तिशाली महिलाओं में शुमार मशहूर टीवी एंकर और प्रोड्यूसर ओप्रा विन्फ्रे के ‘ओफ्रा’ज बुक क्लब’ में शुमार ‘नाइटक्रॉलिंग’ लीला मोटली का पहला उपन्यास (Novel) है। यह उपन्यास पाठकों को ऑकलैंड में रहने वाली 17 साल की कियारा जॉनसन की दुनिया में ले जाता है, जहां काले समाज के युवा समुदाय की खुशियां, उनकी उम्मीदें और उनका डर एक अलग संसार रचता है। जो क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम काले लोगों की रक्षा के लिए बनाई गई है उसी में कियारा किस प्रकार पुलिस की सेक्सुअल वायलेंस का शिकार होती है, किस प्रकार उसका अपना परिवार इस व्यवस्था का शिकार हो जाता है, यही ‘नाइटक्रॉलिंग’ का कथानक (Plot) है। 

उपन्यास का कथानक (Plot)

अस्तित्व के लिए संघर्ष कियारा को चाइल्ड सेक्स वर्कर में तब्दील कर देता है, लेकिन इसके बावजूद वह अपने पड़ोस के एक 9 साल के बेसहारा बच्चे का लालन पालन करती है, जिसे उसकी मां छोड़कर जा चुकी है। इस पूरे संघर्ष में कियारा मजबूती से खड़ी रहती है और सिस्टम के दमन के आगे झुकने से इंकार कर देती है। और यही इस ‘नाइटक्रॉलिंग ’ की खूबसूरती है, जिसे लीला ने एक अलग ही अंदाज में रचा है। लेखकीय टिप्पणी में लीला मोटली ने लिखा है कि किस प्रकार ऑकलैंड में एक पुलिस अधिकारी की आत्महत्या के बाद मिले नोट से पुलिस सिस्टम के भीतर पनपते सेक्सुअल अब्यूज स्कैंडल का खुलासा हुआ और कैसे वह उनके इस उपन्यास का कथानक (Plot) बना। यह लीला की संवेदनशील नजर थी, जिसने इस कांड के परदे के पीछे काली-अश्वेत किशोरी के अनदेखे उत्पीड़न, दर्द को देखा और समझा।

लीला के पिता भी हैं लेखक

लीला को मात्र 16 साल की उम्र में ऑकलैंड की युवा कवयित्री चुना गया था और वह अपने 17वें जन्मदिन से पहले ‘नाइटक्रॉलिंग’ लिखना शुरू कर चुकी थीं। हाई स्कूल पास करने तक वह इस उपन्यास (Novel) की पटकथा लगभग पूरी कर चुकी थीं। ‘नाइटक्रॉलिंग’ भले ही उनका पहला प्रकाशित उपन्यास (Novel) है, लेकिन वह 14-15 साल की उम्र में दो उपन्यास (Novel) पहले ही लिख चुकी हैं। लीला मोटली, अपने पिता के साथ ही नोबेल पुरस्कार विजेता टॉनी मौरिसन, टोनी केड बाम्बरा, जैकलिन वुडसन और जेसमिन वार्ड से प्रभावित रही हैं और इस समय वह अपने पहले काव्य संग्रह (Poetry Collection) पर काम कर रही हैं। लीला एक साहित्यिक और रचनात्मक परिवार से ताल्लुक रखती हैं, जहां उनके पिता जानेमाने नाट्य लेखक हैं। आंखें खोलने के बाद से ही लीला ने अपने पिता को लिखते देखा है और इसी से उन्हें अपने कलात्मक सपने को पूरा करने की प्रेरणा मिली।

वर्ष 2002 में सबसे युवा लेखक जॉन मैक्ग्रेगोर 

लीला से पहले, ब्रिटिश उपन्यासकार जॉन मैक्ग्रेगोर ने वर्ष 2002 में सबसे युवा लेखक के रूप में बुकर की सूची में जगह बनाई थी। उस समय उनके पहले उपन्यास ‘इफ नोबडी स्पीक्स ऑफ रिमार्केबल थिंग्स’ को इस सूची में शामिल किया गया था। हालांकि, अब तक बुकर पुरस्कार प्राप्त करने वाले सबसे युवा लेखक का खिताब न्यूजीलैंड के ऐलानोर कैटोन के नाम दर्ज है, जिन्होंने 2013 में अपने उपन्यास ‘दी ल्यूमिनियरीज’ के लिए 50,000 पाउंड का यह पुरस्कार जीता था। इस बार बुकर पुरस्कारों की सूची में शामिल किए गए साहित्यकारों के नामों की घोषणा 26 जुलाई 2022 को की गई और प्रतिस्पर्धी सूची (Competitive List) 6 सितंबर को सामने आएगी। इसके बाद 17 अक्टूबर को बुकर पुरस्कार विजेता के नाम की घोषणा लंदन के राउंड हाउस में की जाएगी।

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