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अंतरिक्ष में फंसी भारतीय मूल की सुनीता विलियम्स की धरती पर वापसी की कितनी बची हैं उम्मीदें, NASA ने दिया स्टारलाइनर कैप्सूल पर बड़ा बयान

Edited By: Dharmendra Kumar Mishra @dharmendramedia Published : Jun 29, 2024 03:20 pm IST, Updated : Jun 29, 2024 03:20 pm IST

अंतरिक्ष में फंसे अमेरिकी वैज्ञानिकों की धरती पर वापसी की संभावनाओं को लेकर नासा ने बड़ा बयान दिया है। कुछ हफ्ते पहले अमेरिका का स्टारलाइनर कैप्सूल कई वैज्ञानिकों को लेकर अंतरिक्ष स्टेशन गया था। इसमें भारतीय मूल की सुनीता विलियम्स भी शामिल हैं।

भारतीय मूल की अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स (दाएं)- India TV Hindi
Image Source : REUTERS भारतीय मूल की अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स (दाएं)

वाशिंगटनः अमेरिका की ओर से विशेष मिशन पर अंतरिक्ष स्टेशन भेजे गए अंतरिक्ष यात्रियों का एक दल वहीं स्पेसक्रॉफ्ट में खराबी आने के कारण फंस गया है। अंतरिक्ष जाने वाले यात्रियों में भारतीय मूल की सुनीता विलियम्स भी शामिल हैं। स्टारलाइनर कैप्सूल में खराबी आने के बाद सुनीता विलियम्स की वापसी की कितनी उम्मीदें शेष रह गई हैं, इसे लेकर नासा ने बड़ा बयान दिया है। बता दें कि अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने कहा कि उसके दो अंतरिक्ष यात्री अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) पर अभी और अधिक समय तक रुकेंगे, क्योंकि वे वहां अपनी यात्रा के दौरान बोइंग के नए अंतरिक्ष कैप्सूल में आई समस्याओं का समाधान कर रहे हैं।

नासा ने अंतरिक्ष यात्रियों की वापसी की शुक्रवार को कोई तारीख नहीं बताई और कहा कि वे सुरक्षित हैं। नासा के वाणिज्यिक चालक दल कार्यक्रम प्रबंधक स्टीव स्टिच ने कहा, "हमें वापस लौटने की कोई जल्दी नहीं है।" नासा के अनुभवी परीक्षण पायलट सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर अंतरिक्ष में घूमती प्रयोगशाला के लिए पांच जून को बोइंग के स्टारलाइनर के जरिए रवाना हुए थे। विलियम्स और बुच विल्मोर को लेकर बोइंग का ‘क्रू फ्लाइट टेस्ट मिशन’ वर्षों के विलंब और असफलताओं के बाद फ्लोरिडा के ‘केप कैनवेरल स्पेस फोर्स स्टेशन’ से रवाना हुआ था।

1 हफ्ते बाद सुनीता को लौटना था धरती पर

विलियम्स और विल्मोर के करीब एक सप्ताह तक अंतरिक्ष में रहने का अनुमान था जो कैप्सूल की जांच करने के लिए पर्याप्त समय था, लेकिन अंतरिक्ष यान को चलाने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली कैप्सूल की प्रणोदन प्रणाली में समस्याओं के कारण नासा और बोइंग को उनकी धरती पर वापसी की योजना कई बार स्थगित करनी पड़ी। इससे उनके सुरक्षित धरती पर वापस आने को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं। (एपी) 

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