मुंबई,| बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान की जमानत याचिका पर शुक्रवार सुबह 11 बजे के बाद सुनवाई होने वाली है। इस दौरान सबकी नजरें बांबे उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति ए.एम. थिपसे पर रहेंगी, जो इस याचिका पर सुनवाई करेंगे। यह सुनवाई सलमान के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि शुक्रवार का दिन न्यायालय का ग्रीष्मकालीन अवकाश शुरू होने से पहले न्यायालय का अंतिम कार्यदिवस है। न्यायालय का ग्रीष्मकालीन अवकाश आठ जून तक चलेगा।
सितंबर 2002 के बांद्रा के 'हिट एंड रन' मामले में बुधवार को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डी.डब्ल्यू देशपांडे ने सलमान को दोषी ठहराते हुए उन्हें पांच साल की सजा सुनाई थी।
सजा सुनने के तुरंत बाद सलमान ने बांबे उच्च न्यायालय का रुख किया, जहां थिपसे ने चिकित्सक व अन्य आधार पर दो दिन की अंतरिम जमानत दे दी थी।
13 सालों से जमानत पर चल रहे सलमान के शुक्रवार को अदालत में पेश होने संभावना नहीं है।
आपराधिक मामलों के मशहूर वकील जे.पी. मिश्रा ने बातया कि ऐसे सभी मामलों में पहली याचिका किसी भी आरोपी के 'अधिकार का मामला' है।
उन्होंने आईएएनएस को बताया, "चूंकि सलमान खान सत्र अदालत के आदेशों के खिलाफ याचिका दे रहे हैं, इसलिए जमानत मिलना उनका नैसर्गिक अधिकार होगा।"
उल्लेखनीय है कि बुधवार को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश देशपांडे द्वारा सलमान को पांच साल कैद और 25,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाने के कुछ ही घ्ांटों बाद सलमान को अंतरिम जमानत मिल गई थी।
देशपांडे ने सलमान को गैरइरादतम हत्या, बिना लाइसेंस गाड़ी चलाने और अन्य अपराधों का दोषी ठहराया था। सलमान को तेज गति और लापरवाही से गाड़ी चलाने का भी दोषी पाया गया था।