नई दिल्ली: वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) संविधान संशोधन बिल सोमवार को लोकसभा में पास हो गया। बिल पर हुई चर्चा में हस्तक्षेप करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि जीएसटी देश में टैक्स आतंकवाद से मुक्ति दिलाएगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जीएसटी का अर्थ ग्रेट स्टेप बाई इंडिया (भारत की महान पहल है), जीएसटी का अर्थ ग्रेट स्टेप टूवड्र्स ट्रांसपेरेंसी (पारदर्शिता की तरफ महान कदम), ग्रेट स्टेप टूअड्र्स ट्रांसफार्मेशन (बदलाव की दिशा में महान कदम) है। इसलिए हम एक एक नई व्यवस्था की ओर बढ़ रहे हैं जो एक भारत, श्रेष्ठ भारत के सपने को साकार करने वाली है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जीएसटी के कारण उपभोक्ता राज्यों को अधिक फायदा होने वाला है लेकिन विनिर्माण राज्यों को नुकसान की भरपाई के लिए प्रावधान किया गया है। जिन राज्यों को तकलीफ होने वाली है उनकी राहत का भी प्रावधान है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह कर आतंकवाद से मुक्ति की दिशा में एक अहम पहल है जो 7 से लेकर 13 कर व्यवस्थाओं के स्थान पर लाई गई है। उन्होंने कहा कि एक समान कर व्यवस्था आने से कर की दर और कर प्रणाली को सरल बनाने में मदद मिलेगी। जिससे ब्लैक मनी और भ्रष्टाचार में भी कमी आएगी।
कंज्यूमर इज किंग(उपभोक्ता राजा)
प्रधानमंत्री ने कहा कि जीएसटी के मामले में उपभोक्ता ही राजा है। उन्होंने इससे आम उपभोग की वस्तुओं के महंगे होने की आशंकाओं को खारिज किया। उन्होंने कहा कि आम उपयोग की अधिकतर वस्तुओं पर लगने वाले कर को इससे बाहर रखा गया है।
एकता का भाव
पीएम ने कहा कि आज 8 अगस्त है। आज ही के दिन आजादी का बिगुल फूंका गया था और आज ही कर आतंकवाद से मुक्ति पाने की शुरुआत हो रही है। जीएसटी एक मोती है जिसे हम माला में पिरो रहे हैं जोकि एक भारत को ताकत देगा।
गरीबी के खिलाफ लड़ने का मिला प्लेटफार्म
मोदी ने कहा कि इसलिए जीएसटी इस माहौल को तैयार करने में एक बहुत बड़ा प्लेटफार्म बन सकता है जो गरीबी के खिलाफ लड़ने में भी काम आ सकता है। हम जानते हैं कि जब आम लोग बैंकों में लोन लेने जाते हैं तो कितनी दिक्कत होती है। इस नयी व्यवस्था से ये सवालिया निशान हमेशा हमेशा के लिए मिट जाएगा। राज्य भी अपने निर्णय कर विकास , सोशल सेक्टर सारी बातों को तेज गति से आगे बढ़ा सकते हैं।
कृष्ण को जन्म किसी ने दिया, लालन पालन किसी ने किया
प्रधानमंत्री जीएसटी में बोले कि जीएसटी के जन्मदाता होने के कांग्रेस के दावे पर हास्य-विनोद के अंदाज में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज कहा कि जन्म कोई दे, लालन पालन कोई करे। कृष्ण को जन्म किसी ने दिया, कृष्ण को बड़ा किसी ने किया।