नई दिल्ली: पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने केंद्र सरकार द्वारा पेश किए गए बजट 2021 को जन विरोधी करार दिया है। उन्होंने कहा, "बजट के बारे में मेरी उम्मीद थी कि 99 प्रतिशत आबादी के लिए बजट होगा लेकिन यह बजट 1 प्रतिशत आबादी का बजट है।" राहुल गांधी ने कहा, "सबसे पैसा छीनकर उन्हीं 5, 10, 15 लोगों की जेब में डाल दिया है। प्राइवेटाइजेशन से उन्हीं को फायदा होगा।"
राहुल गांधी ने कहा, "हिंदुस्तान को अपनी जनता के हाथ में पैसा डालने की जरूरत है। अगर सरकार ने न्याय योजना जैसा काम किया होता, अगर छोटे उद्योगों को पैसा दिया होता, उन्हें संरक्षण दिया होता, तो अर्थव्यवस्था चालू हो सकती थी। सप्लाई साइड में पैसा देने से इकोनॉमी चालू नहीं होगी, इससे इकोनॉमी स्टार्ट नहीं होगी।"
इसके साथ ही उन्होंने कहा, "चीन हिंदुस्तान के अंदर आता है, हजारों किलोमीटर हमारी जमीन ले जाता है और आप चीन को बजट में क्या संदेश देते हो कि हम अपना रक्षा खर्च नहीं बढ़ाएंगे, 3-4 हजार करोड़ रुपए आपने बढ़ाया, चीन को आपने संदेश दिया कि आप अंदर आ सकते हो, हम कुछ नहीं करेंगे।"
राहुल गांधी ने कहा, "जो हमारे जवान और पायलट हैं उन्हें क्या लग रहा होगा कि जो हमारे सामने इतनी बड़ी कठिनाई है और हमारी सरकार सुरक्षाबलों को पैसा नहीं दे रही और हमारा पैसा उन्हीं 5-10 लोगों को दिया जा रहा है। इससे देश को फायदा नहीं हो रहा।"
उन्होंने कहा, "इस समय सुरक्षाबलों की प्रतिबद्धता पूरी तरह है और सरकार की प्रतिबद्धता उससे ऊपर होनी चाहिए। जो भी हमारे सुरक्षाबलों को चाहिए वह सरकार को देना चाहिए। लद्दाख में हमारी सेना खड़ी है और आप उनको पैसा नहीं दे रहे हो।"