नींद न आने के कई स्वास्थ्य संबधी कारण हो सकते हैं। जिसमें सुबह देर तक सोना, रात में जागना, तनाव, चिंता, थकावट जैसे कई कारण शामिल होते हैं। कभी-कभी लोग इसे गंभीर बीमारी मान लेते हैं। लेकिन इसका अहम कारण अव्यवस्थित जीवनशैली और तनाव है। इस समस्या के लिए मंत्रों को काफी हद तक सहायक माना गया है। पूजा-पाठ के साथ ही मन-मस्तिष्क की शांति और एकाग्रता के लिए भी मंत्रों को महत्वपूर्ण माना जाता है। ज्योतिष में कुछ ऐसे मंत्रों के बारे में बताया गया है जिसका जाप करने से रात्रि में तनावरहित और सुकून भरी नींद मिलती है।
यदि आपको भी तनाव के कारण रात में नींद नहीं आती तो सोने से पहले इन मंत्रों का जाप जरूर करें। इन मंत्रों के जाप से आपको लाभ मिलेगा।
वाराणस्यां दक्षिणे तु कुक्कुटो नाम वै द्विज:।
तस्य स्मरणमात्रेण दु:स्वपन: सुखदो भवेत्।।
कुछ लोगों को रात में बुरे सपने आते हैं। ऐसे में वो डर जाते हैं और फिर दोबारा नींद नहीं आती है। यदि आपके साथ भी ऐसा होता है तो इस मंत्र जाप जरूर करें।
विधि- रात में सोने से पहले हाथ-पैर धो लें। फिर किसी आसन पर बैठकर शांत मन से इस मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें। आपको कुछ दिनों में ही फर्क नजर आने लगेगा।
या देवी सर्वभूतेषु निद्रा-रूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥
दुर्गा सप्तदशी के इस मंत्र का जाप हर व्यक्ति को करना चाहिए। इससे जीवन में मानसिक तनाव दूर होता है। यदि आप अनिद्रा और तनाव से परेशान हैं तो इस मंत्र का जाप जरूर करें। ज्योतिष में इस मंत्र को मानसिक तनाव दूर करने के लिए सहायक माना गया है।
विधि- दुर्गा सप्तदशी मंत्र का जाप करने के लिए सोने से पहले स्वच्छ होकर 11 या 21 बार इसका जाप करना उत्तम होता है।
अच्युतानन्त गोविन्द नामोच्चारण भेषजात्।
नश्यन्ति सकला: रोगा: सत्यं सत्यं वदाम्यहम्।।
इस मंत्र को जपने से व्यक्ति के मानसिक रोग समाप्त हो जाते हैं। इस मंत्र में विष्णु जी के तीन नाम ‘अच्युत, अनन्त, गोविन्द’ का उच्चारण होता है जो मानसिक समस्या को दूर करने में औषधी के समान है।
विधि- इस दिन मंत्र का जाप आप सोते, उठते, बैठते, चलते कभी भी कर सकते हैं। यदि आप पूरा मंत्र जाप नहीं कर सकते तो भगवान विष्णु के इन ‘अच्युत, अनन्त, गोविन्द’ तीन नामों का उच्चारण कर लें। इससे भी शारीरिक और मानसिक कष्टों से मुक्ति मिलती है।
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(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इंडिया टीवी इस बारे में किसी तरह की कोई पुष्टि नहीं करता है। इसे सामान्य जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है।)
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