कोलकाता: 2015 में भारत के खिलाफ बांग्लादेश में ही अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने वाले तेज गेंदबाज मुस्ताफिजुर रहमान सफलता को अपने सिर चढ़ने नहीं देना चाहते। उनकी इच्छा यह है कि अगर वह अच्छे खिलाड़ी नहीं बने पाए तो दुनिया उन्हें एक बेहतर इंसान के तौर पर याद करें। 2015 में 19 साल के मुस्ताफिजुर ने अपनी शानदार ऑफ कटर के जरिए विराट कोहली, रोहित शर्मा, एम.एस धोनी, अजिंक्य रहाणे जैसे खिलाड़ियों से सजे भारतीय बल्लेबाजी क्रम को परेशान किया था।
यह भी पढ़े:
- IPL10: आज देगें बेंगलोर के चैलेंजर्स गुजरात के लायंस को टक्कर
- तीन साल के अंतराल के बाद केरन पावेल की टीम में वापसी
- जीत के बाद युसुफ ने कहा, 'योजना लागू करने में हुए सफल'
- भुवनेश्वर ही रोक सकते थे मनन की तूफानी बल्लेबाजी: डेविड वार्नर
पहले दो एकदिवसीय मैच में मुस्ताफिजुर ने 5-50 और 6-43 का बेहतरीन प्रदर्शन किया था और तीन मैचों की श्रृंखला में भारत के खिलाफ बांग्लादेश को जीत दिलाई थी।मुस्ताफिजुर के अलावा सिर्फ जिम्बाब्वे के ब्रायन विटोरी के नाम ही पहले दो एकदिवसीय मैचों में पांच से ज्यादा विकेट लेने का रिकार्ड है। इंडियन प्रीमियर लीग में मौजूदा विजेता सनराइजर्स हैदराबाद के साथ खेल रहे मुस्तफिजुर ने आईएएनएस से बातचीत में कहा, "मैं कभी सफलता को अपने सिर चढ़ने नहीं देता। आप सभी हमेशा मुझसे पूछते रहते हैं कुछ बड़ी चीजों के बारे में पूछते, मुझे महान प्रतिभा बताते हैं और भी बहुत कुछ, लेकिन मुझे इससे फर्क नहीं पड़ता।"
उन्होंने कहा, "अगर मैं एक अच्छा क्रिकेट खिलाड़ी नहीं बन सका तो मैं एक अच्छे इंसान के तौर पर याद रहना चाहूंगा।" पिछले साल भारत की मेजबानी में खेले गए टी-20 विश्व कप में न्यूजीलैंड के खिलाफ ईडन गरडस स्टेडियम में खेले गए मैच में मुस्तफिजुर ने 22 रन देकर पांच विकेट लिए थे। उन्होंने कहा, " टी-20 में आपको विविधता की जरूरत पड़ती है। हर गेंदबाज के पास अपनी गेंदें होती हैं। लेकिन आपको सफल होने के लिए अलग-अलग गेंद करनी होती हैं।"
अपनी विविधता और रणनीति के लिए मशहूर मस्ताफिजुर की पिछले साल अगस्त में कंधे की सर्जरी हुई थी, जिसके बाद वह उनकी गेंदबाजी में कुछ गिरावट देखने को मिली है।न्यूजीलैंड दौर पर भी वह ज्यादा प्रभावी नहीं रहे थे और उन्हें सिर्फ एक विकेट मिला था। इसके बाद उन्हें भारत के खिलाफ फरवरी में हुए इकलौते टेस्ट मैच में ब्रेक दिया गया था।
मुस्ताफिजुर से जब पूछा कि उन्हें भारत के खिलाफ मैच में न खेलने का अफसोस है? इसके जवाब में उन्होंने कहा, "मैं इस श्रृंखला के लिए फिट नहीं था।" बांग्लादेश ने हाल ही में श्रीलंका का दौरा किया था, जिसमें उन्होंने दो टेस्ट मैचों में आठ विकेट, तीन एकदिवसीय मैचों में छह और दो टी-20 मैचों में चार विकेट लिए थे।
उन्होंने कहा, "मैं श्रीलंका के खिलाफ एकदिवसीय में अपनी गेंदबाजी से खुश हूं। जो मैं चाहता था वह हो नहीं रहा था और मैं गेंद को सही क्षेत्र में भी नहीं डाल पा रहा था। लैंथ भी सही नहीं थी। आखिरी एकदिवसीय में मैं अपनी लय में आया और इसके बाद टी-20 श्रृंखला अच्छी रही। पिछले साल सनराइजर्स हैदराबाद को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) का खिताब दिलाने में अहम भूमिका निभाने वाले मुस्ताफिजुर इस संस्करण में सनराइजर्स के साथ ही हैं। मुस्ताफिजुर ने कहा, "मेरे दिमाग में कुछ अलग लक्ष्य नहीं है। मैं हमेशा से अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करता हूं। मेरी कोशिश अपनी टीम को जीत दिलाने की होती है।"