नयी दिल्ली: धोनी टीम इंडिया को लेकर बांग्लादेश में बुधवार से शुरु हो रहे एशिया कप की तैयारी में जुटे हुए हैं। रवानगी के पहले प्रेस कॉंफ़्रेंस में 34 साल के धोनी से जब उनके रिटायरमेंट के बारे में पूछा गया तो पहले तो वह मज़ाक में टाल गए लेकिन कुछ दिन बाद जब दोबारा ये सवाल किया गया तो वह भड़क गए थे।
दरअसल पिछले साल बांग्लादेश में वनडे में अप्रत्याशित हार और फिर घर में साउथ अफ़्रीका से टी20 में पराजय के बाद से धोनी की आलोचना शुरु हो गी थी। लोग कहने लगे कि धोनी अब चुके हुए कप्तान हैं। ऐसे में पाकिस्तान के टी20 कप्तान शाहिद आफ़रीदी न सिर्फ उनके बचाव में आए बल्कि खरी खरी भी सुना दी।
आफ़रीदी ने आलोचना को “इस प्रांत की फ़ितरत” बताया और कहा था कि यहां लोग अपने हीरो को एक सिरीज़ हारने पर धूल धूसरित कर देते हैं।
“बांग्लादेश के हाथों हार के बाद जिस तरह से धोनी से बर्ताव किया जा रहा है, मुझे बुरा लगता है। मुझे लगता है कि ये “इस प्रांत की फ़ितरत” है जहां लोग एक हार के बाद अपने हीरो के पीछे पड़ जाते हैं। इसके लिये कुछ हद तक मीडिया भी ज़िम्मेदार है जो सही तस्वीर नहीं बताता।”
“मैं ये नही कह रहा कि किलाड़ी के प्रदर्शन का आंकलन नहीं होना चाहिये, आलोचना कीजिये लेकिन ये करते समय उस खिलाड़ी के पिछले रिकॉर्ड का भी ज़िक्र करें।
“किसी नतीजे पर पहुंचने के पहले ज़रा धोनी के रिकॉर्ड पर नज़र मारें। वह भारत के लिए कमाल के खिलाड़ी रहे हैं, उनका रिकॉर्ड बोलता है। धोनी ने भविष्य के लिए बहुत अच्छी टीम तैयार की है। भारत की बैटिंग लाइन अप में क्वालिटी बल्लेबज़ा हैं।
धोनी की तरह आफ़रीदी की भी उनके देश में आलोचना होती रही है।