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सीएम योगी आदित्यनाथ का निजी सचिव बताकर करता था ठगी, STF ने आरोपी फारूख को किया गिरफ्तार

 Edited By: Avinash Rai @RaisahabUp61
 Published : Sep 14, 2024 07:09 am IST,  Updated : Sep 14, 2024 07:09 am IST

उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ के निजी सचिव के नाम पर ठगी करने वाले शख्स को यूपी एसटीएफ ने गिरफ्तार कर लिया है। फारूख अमन नाम के आरोपी को कमता तिराहे से गिरफ्तार किया गया। एसटीएफ ने यह जानकारी साझा की।

UP Stf arrested Farooq aman who cheat people by claiming to be CM Yogi Adityanath personal secretary- India TV Hindi
सीएम योगी का निजी सचिव बताकर करता था ठगी, हुआ गिरफ्तार Image Source : FILE PHOTO

उत्तर प्रदेश पुलिस के विशेष कार्यबल (एसटीएफ) ने मुख्यमंत्री का निजी सचिव बताकर ठगी करने वाले फ़ारूख अमन को यहां कमता तिराहे से गिरफ्तार किया है। एसटीएफ ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। एसटीएफ की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि राज्य के मुख्यमंत्री का निजी सचिव बताकर ठगी करने एवं ऑनलाइन जुआ संचालित करने वाले गिरोह के एक प्रमुख सदस्य फ़ारूख अमन को बृहस्पतिवार देर रात गिरफ्तार किया गया। उसका संबंध पैसे लेकर प्रतियोगी परीक्षाएं पास कराने का झांसा देने एवं ऑनलाइन जुआ संचालित करने वाले गिरोह से है। 

सीएम के निजी सचिव के नाम पर ठगी

आरोपी फारूख अमन (26) आजमगढ़ के सहरियां गांव का है। उसके क़ब्ज़े से दो मोबाइल, आधार कार्ड, ‘वर्क प्रिंट आउट’ समेत कई दस्तावेज बरामद किए गए हैं। बयान में कहा गया कि एसटीएफ को सूचना मिल रही थी कि मुख्यमंत्री के निजी सचिव के रूप में पेश करते हुए फर्जी वाट्सएप एकाउंट बनाया गया है, उसमें उच्च अधिकारियों के सीयूजी नम्बर को जोड़े गये हैं तथा लोगों से पैसे लेकर अधिकारियों से उनकी पैरवी करने, विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाएं पास कराने की पेशकश की जा रही है । यह काम संगठित रूप से किया जाता था। 

पुलिस ने लिया एक्शन

जांच के दौरान पता चला कि ऐसा करने वाले गिरोह के सरगना का मुख्य सहयोगी फारूख अमन लखनऊ में मौजूद है। इस सूचना पर टीम ने बृहस्पतिवार की देर रात फारूख अमन को कमता तिराहा अवध बस स्टैंड के पास गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी पर थाना साइबर क्राइम कमिश्नरेट लखनऊ में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं तथा आईटी अधिनियम के प्रावधानों के तहत अभियोग पंजीकृत गया है। मामले में अग्रिम विधिक कार्यवाही स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही है। बता दें कि यह पहली बार नहीं है जब किसी राजनेता का अधिकारी बताकर ठगी की जा रही हो। इससे पहले भी इस तरह की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।

(इनपुट-भाषा)

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