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US ने कर दिया हैरतअंगेज कारनामा, 6,000 जीवित अप्रवासियों को स्व-निर्वासन के लिए घोषित किया मृत

 Published : Apr 12, 2025 11:23 am IST,  Updated : Apr 12, 2025 11:23 am IST

ट्रंप प्रशासन ने 6000 से अधिक जीवित अप्रवासियों को मृत घोषित करके हड़कंप मचा दिया है। ट्र्ंप प्रशासन ने यह कदम किस रणनीति के तहत उठाया है, आइये जानते हैं।

अमेरिका में अप्रवासी। - India TV Hindi
अमेरिका में अप्रवासी। Image Source : AP

वाशिंगटनः अमेरिका ने अवैध अप्रवासियों को बाहर निकालने के लिए गजब का कारनामा किया है। वाशिंगटन के अधिकारियों ने 6,000 से अधिक जीवित अप्रवासियों को मृत घोषित कर दिया गया है, ताकि उन्हें स्व-निर्वासन के लिए मजबूर किया जा सके। जबकि पहले इन अप्रवासियों को पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन द्वारा शुरू किए गए कार्यक्रमों के तहत अस्थायी रूप से अमेरिका में प्रवेश करने और रहने की अनुमति दी गई थी। अब इन सभी को निशाना बनाया जा रहा है।

ट्रम्प प्रशासन ने 6,000 से अधिक जीवित अप्रवासियों को मृत घोषित करके एक कठोर कदम उठाया है। इसके साथ ही उनके सामाजिक सुरक्षा नंबरों को प्रभावी रूप से रद्द कर दिया है और उन्हें काम करने या लाभों तक पहुँचने में असमर्थ बना दिया है। 

इस कदम का उद्देश्य इन अप्रवासियों को "स्व-निर्वासन" करने और अपने गृह देशों में लौटने के लिए प्रोत्साहित करना है। 

क्या है सामाजिक सुरक्षा नंबर

इन प्रवासियों को बाइडेन सरकार की ओर से कानूनी रूप से सामाजिक सुरक्षा नंबर दिए गए थे, जो संघीय सरकार द्वारा अमेरिकी नागरिकों, स्थायी निवासियों और अस्थायी रूप से काम करने वाले निवासियों को जारी किए गए नौ अंकों के अद्वितीय नंबर हैं।
इन नंबरों का इस्तेमाल कई आधिकारिक उद्देश्यों के लिए किया जाता है, जिसमें आय पर नज़र रखना और सामाजिक सुरक्षा प्रणाली में योगदान शामिल है। मगर अब ट्रंप प्रशासन इन अप्रवासियों से उनके सामाजिक सुरक्षा नंबर छीनकर उन्हें कई वित्तीय सेवाओं से प्रभावी रूप से वंचित कर रहा है और उनके लिए बैंकों या अन्य बुनियादी सेवाओं का उपयोग करना मुश्किल बना रहा है।

9 लाख से अधिक प्रवासियों पर होगा असर

ट्रंप का यह कदम बाइडेन के कार्यकाल में बनाए गए कार्यक्रमों के तहत अमेरिका में प्रवेश करने वाले अप्रवासियों पर नकेल कसने के व्यापक प्रयास का हिस्सा है, जिसमें CBP One ऐप का उपयोग करने वाले 900,000 से अधिक अप्रवासी शामिल हैं। होमलैंड सिक्योरिटी विभाग (DHS) ने सोमवार को CBP One ऐप का इस्तेमाल करने वाले अप्रवासियों की कानूनी स्थिति को रद्द कर दिया, जिससे उन्हें बाइडेन युग के दौरान राष्ट्रपति पैरोल प्राधिकरण के तहत कार्य प्राधिकरण के साथ दो साल तक अमेरिका में रहने की अनुमति मिली थी। 

कोर्ट ने दी अप्रवासियों को राहत

ट्रंप प्रशासन भले ही अप्रवासियों को अमेरिका छोड़ने के लिए लगातार उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर रहा है, लेकिन एक संघीय न्यायाधीश ने ट्रम्प प्रशासन को इस महीने के अंत में अस्थायी कानूनी स्थिति वाले सैकड़ों हज़ारों क्यूबाई, हैती, निकारागुआ और वेनेज़ुएला के लोगों को देश छोड़ने का आदेश देने से रोक दिया है। ट्रंप प्रशासन के ऐसे कई आदेशों को कोर्ट में चुनौती देने वाले वकालत समूह "डेमोक्रेसी फ़ॉरवर्ड" के अध्यक्ष और सीईओ स्काई पेरीमैन ने कहा, "यह राष्ट्रपति कानून का उल्लंघन करते हुए और जाँच और संतुलन की हमारी प्रणालियों का दुरुपयोग करते हुए कानूनविहीन व्यवहार में लिप्त है।" एसोसिएटेड प्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, अधिक विवरण उपलब्ध होने पर समूह सामाजिक सुरक्षा नंबरों को लेकर मुकदमा कर सकता है। (एजेंसी)

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