पंचकूलाः हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण में 72 करोड़ रुपए के घोटाले में पूर्व विधायक रामनिवास सूरजाखेड़ा समेत दो लोगों को ईडी ने गिरफ्तार कर पंचकूला स्थित हरियाणा की विशेष कोर्ट में पेश किया। रामनिवास सूरजाखेड़ा और हरियाणा शहर विकास प्राधिकरण के तत्कालीन DDO रहे सुनील कुमार बंसल को कोर्ट ने 5 दिन की रिमांड पर भेज दिया है।
ईडी ने कोर्ट से मांगी थी 15 दिन की रिमांड
बचाव पक्ष के वकील अभिषेक राणा ने जानकारी देते बताया कि मामले की अगली सुनवाई 15 जून को होगी। वकील अभिषेक राणा ने बताया कि ईडी की टीम द्वारा विशेष कोर्ट में आरोपी के 14 दिन की रिमांड मांगी गई थी जिस पर बचाव पक्ष ने विरोध किया। कोर्ट ने दोनों आरोपियों को पांच दिन की रिमांड पर भेजा है।
जानिए क्या है पूरा मामला
बता दें कि 7 मार्च 2023 को हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के मुख्य लेखा अधिकारी चमन लाल द्वारा इस मामले में पंचकूला के सेक्टर 7 स्थित पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई गई थी। शिकायत में बताया गया कि पंजाब नेशनल बैंक की चंडीगढ़ शाखा में एचएसवीपी के बैंक खाते से धोखाधड़ी कर वित्तीय नुकसान पहुंचागया। जिसमें वैट रिफंड फर्जीवाड़े और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के अकाउंट से पैसों की गड़बड़ी का हवाला दिया गया था।
पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, वर्ष 2015 से वर्ष 2019 तक करीबन 72 करोड़ रुपये बिना किसी विशेष कारण की विभिन्न पार्टियों के पक्ष में निकाले गए थे। अधिकारियों और बिल्डरों ने मिलकर फर्जी कंपनियों को यह राशि रिफंड की थी। रामनिवास सूरजाखेड़ा हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण में उस समय सुपरिंटेंडेंट थे और वीआरएस लेकर राजनीति में आए थे।
चुनाव से पहले जेजेपी से दिया था इस्तीफा
बता दें कि रामनिवास सुरजाखड़ा पर रेप के आरोप उस समय लगे थे जब वे जींद जिले की नरवाना से विधायक थे। हालांकि बाद में उन्हें क्लीन चिट मिल गई थी। उन्होंने दुष्यंत चौटाला की पार्टी से चुनाव जीता था। हालांकि 2024 के विधानसभा चुनाव से पहले इस्तीफा दे दिया था।
रिपोर्ट- उमंग श्योराण, पंचकूला