मॉनसून में बारिश किसे अच्छी नहीं लगती लेकिन ये मौसम उन लोगों के लिए आफत बन जाता है, जिनके फेफड़े कमजोर है जो सांस के मरीज हैं। ऐसे लोग यह लेख ज़रूर पढ़ें। ये उन्हीं के लिए खास हैं क्योंकि जल्द ही उनके नेजल स्प्रे और इनहेलर की छुट्टी होने वाली है। लेकिन इसके लिए उन्हें योग करना होगा। साथ में कुछ एक्टिविटी को भी अपनी रुटीन में शामिल करना पड़ेगा ताकि लंग्स की कपैसिटी बढ़े अब जैसे, सिंपल सी गुब्बारे फुलाने की एक्सरसाइज। इसके अलावा भी कई तरीके हैं जिससे आप फेफड़ों की क्षमता बढ़ा सकता है। जैसे जलती कैंडल को बुझाना, स्टीम लेना-गार्गल करना।
इन दिनों अस्पतालों में 30% सांस के मरीज बढ़े हैं। तो वहीं फंगल इंफेक्शन के मरीजों की संख्या दोगुनी हुई है क्योंकि High Humidity की वजह से नॉर्मल लोगों के भी फेफड़ों में सूजन आ रही है। मॉनसून में सीलन और फंगस से रेस्पिरेटरी प्रॉब्लम बढ़ गई है। इतना ही नहीं, अचानक टेम्परेचर डाउन होने की वजह से वायरल और बैक्टीरियल इंफेक्शन का खतरा भी बढ़ा है। हाल ये है कि अस्थमा, ब्रोंकाइटिस और COPD के मरीजों का नंबर डबल हो गया है। सीधे-सीधे समझिए इस वक्त बारिश और नमी की वजह से फेफड़ों की 5 बीमारियां ट्रिगर हुई हैं।
अब ऐसे में अगर आपको लगातार खांसी और बलगम बन रहा है तो ब्रोंकाइटिस की जांच जरूर करवाएं। सांस फूलने और सीटी जैसी आवाज आ रही हो तो अस्थमा का अटैक हो सकता हैछींकें आना, नाक बहना, आंखों में जलन एलर्जिक राइनाइटिस के लक्षण हैंतो वहीं तेज बुखार, खांसी, सीने में दर्द निमोनिया।और सांस में भारीपन लंग्स में फंगल इंफेक्शन हो सकता है। इतना कुछ बताने का मतलब आपको एंग्जाइटी में डालना नहींअलर्ट करना हैऔर ये बात समझ लीजिए।एलर्जी-अस्थमा और सांस से जुड़ी परेशानियों के लिए योगाभ्यास और प्राणायाम कितने कारगर हैं।।इसे अब दुनिया भी जानती और मानती है।
मॉनसून में एलर्जी
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नाक बंद
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चेस्ट कंजेशन
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बार-बार छींकें
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आंखें लाल होना
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बदन पर रैशेज
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वायरल बुखार
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इनडाइजेशन
मॉनसून में बचक
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बैक्टीरिया
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वायरस
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फंगस
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पोलन
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रेस्पिरेटरी डिसऑर्डर
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लंग्स में इंफेक्शन
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सांस नली में सिकुड़न
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चेस्ट में जकड़न-भारीपन
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सांस लेने में दिक्कत
अस्थमा की परेशानी - जुकाम से बचें
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गर्म चीज़ें पीएं-खाएं
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गुनगुना पानी ही पीएं
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नमक डालकर गरारे करें
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नाक में अणु तेल डालें
अस्थमा की परेशानी - कारगर काढ़ा
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अदरक
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लौंग
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दालचीनी
अस्थमा की परेशानी - कारगर चाय
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तुलसी
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अदरक
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कालीमिर्च
अस्थमा में आराम
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गिलोय का काढ़ा पीएं
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तुलसी के पत्ते चबाएं
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अनुलोम-विलोम करें
फेफड़े बनेंगे फौलादी - क्या करें?
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रोज प्राणायाम करें
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दूध में हल्दी लें
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त्रिकुटा पाउडर लें
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रात को स्टीम लें
अस्थमा में आराम
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सोते वक्त तलवों पर र्म सरसों तेल लगाएं
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नाभि में सरसों ल डालें
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नाक में सरसोंतेल डालें
खांसी में रामबाण
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100 ग्राम बादाम लें
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20 ग्राम कालीमिर्च लें
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50 ग्राम शक्कर लें
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बादाम,कालीमिर्च,शक्कर मिला लें
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दूध के साथ 1 चम्मच खाने से फायदा
डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।