Yoga Tips: 'सुपर डोजर'..जी हां..हर मुल्क के साइंटिस्ट्स को इस वक्त 'सुपर डोजर' की तलाश है। करीब 29 महीने बीत गए लेकिन कोरोना है कि मानता नहीं बीच-बीच में किसी ना किसी बहाने अपनी हाजरी दर्ज करा ही देता है। फिलहाल कोरोना के साइड इफेक्ट्स परेशान कर रहे हैं। हर दिन हार्ट अटैक,शुगर-बीपी के क्रिटिकल केसेज आ रहे हैं और इससे सडेन डेथ यानि अचानक मौत के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं।
दुनिया भर के वैज्ञानिकों को अब 'सुपरडोजर' की तलाश है। सुपरडोजर मतलब करोड़ों में ऐसे लोग जो महामारी के शिकार नहीं हुए मतलब ये कि कोविड का अटैक उन पर हुआ तो जरूर, लेकिन वायरस से लड़ने के लिए उनके शरीर में पहले से एंटी बॉडी-टी सेल मौजूद थे। इसलिए वायरस उनका कुछ नहीं बिगाड़ पाया। यही वजह है कि साइंटिस्ट्स ऐसे सुपरडोजर का 'जीन म्यूटेशन' तलाश रहे हैं ताकि ऐसी वैक्सीन बनाई जाए जो सबको 'सुपरडोजर' बना सके और जिससे सीरियस कोरोना साइड इफेक्ट के रिस्क को रोका जा सके।
आपको भी अचानक स्किन पर बदलाव दिखे, नजर धुंधली हो, वजन घटने-बढ़ने लगे, यूरिन प्रॉब्लम, पेट में दर्द, पैरों में झनझनाहट महसूस हो। तो अलर्ट हो जाइए। तुरंत अपना रुटीन ठीक कीजिए क्योंकि ''जर्नल ऑफ नेचुरल साइंसेज बायोलॉजी एंड मेडिसिन'' की एक स्टडी के मुताबिक भारतीयों में डायबिटीज का खतरा सबसे ज्यादा है, लेकिन यहां ट्विस्ट ये है कि यहां रिवर्सल रेट भी उतना ही ज्यादा है। कोरोना के बाद जिनमें भी शुगर की शुरुआत हुई उनके लिवर पर ज्यादा फैट जमा होने लगा जिससे इंसुलिन फॉर्मेशन डिस्टर्ब हुआ और ब्लड में ग्लूकोज लेवल बढ़ गया। ऐसे में जब आप अपना रुटीन बदलते हैं योग-आयुर्वेद के साथ हेल्दी खाना खाते हैं तो फैट कम होने लगता है और पहले की तरह इंसुलिन नॉर्मल होने लगता है। हकीकत ये है कि हर घर में कोरोना के बाद डायबिटीज की भी एंट्री हुई है।
आपके लिए भी नशा छोड़ना हो रहा मुश्किल? स्वामी रामदेव से जानिए कैसे पाएं नशे की लत से आजादी
संपादक की पसंद