1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. मनी लॉन्ड्रिंग मामले में इकबाल मिर्ची का साथी हुमायूं मर्चेट गिरफ्तार, दाऊद इब्राहिम का था करीबी

मनी लॉन्ड्रिंग मामले में इकबाल मिर्ची का साथी हुमायूं मर्चेट गिरफ्तार, दाऊद इब्राहिम का था करीबी

 Written By: IANS
 Published : Oct 22, 2019 06:54 pm IST,  Updated : Oct 22, 2019 06:54 pm IST

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को कहा कि इकबाल मिर्ची के रियल एस्टेट कारोबार को संभालने वाले हुमायूं मर्चेट को गिरफ्तार कर लिया गया है।

ED arrests close aide of Iqbal Mirchi in money laundering case- India TV Hindi
ED arrests close aide of Iqbal Mirchi in money laundering case Image Source : PTI

मुंबई: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को कहा कि इकबाल मिर्ची के रियल एस्टेट कारोबार को संभालने वाले हुमायूं मर्चेट को गिरफ्तार कर लिया गया है। मिर्ची पाकिस्तान में छिपे बैठे अंडरवल्र्ड डॉन दाऊद इब्राहिम का करीबी सहयोगी था। ईडी ने एक हफ्ते पहले ही राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के नेता प्रफुल्ल पटेल और मृत इकबाल मिर्ची के बीच सौदे का खुलासा भी किया था।

ईडी के सूत्र ने कहा कि मर्चेट को धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) 2002 (मनी लॉन्ड्रिंग) की धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया। उसे बाद में मुंबई की एक अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। सूत्र ने कहा कि मर्चेट की गिरफ्तारी कई संपत्तियों के सौदों के बाद की गई, जिसमें वह भी शामिल है, जिनसे पटेल का संबंध है। मिर्ची और उसके परिवार के सदस्यों की तरफ से इस बाबत जानकारी मिली थी।

ईडी ने शुक्रवार को पटेल के साथ 12 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की थी। मिलेनियम डेवलपर्स के प्रमोटर कौन थे, क्या वह कभी मर्चेट से मिले थे और क्या उन्होंने 2006-07 के दौरान लंदन की यात्रा की थी, उनसे इस बारे में सवाल पूछे गए। जांच के दौरान सामने आए दस्तावेजों के बाद ईडी ने इस बारे में कार्रवाई की। दस्तावेजों के अनुसार, मिलेनियम डेवलपर्स के प्रमोटर पटेल और उनकी पत्नी वर्षा रही हैं।

मिलेनियम डेवलपर्स ने मुंबई में 15 मंजिला सीजय हाउस का निर्माण किया और 2006-07 में मिर्ची के परिवार के सदस्यों को इमारत की दो मंजिल दे दी। ईडी ने मुंबई के वर्ली इलाके में 1,573 वर्ग मीटर में फैली तीन इमारतों- सी व्यू, मैरियम लॉज और राबिया मैनशन- से जुड़ी 225 करोड़ रुपये की डील का खुलासा किया है।

ईडी के अनुसार, जहां बिंद्रा ने भूमि सौदों के लिए एक दलाल के रूप में काम किया, वहीं यूसुफ ने ट्रस्ट को धन हस्तांतरित करके उन्हें सुविधा प्रदान की। यूसुफ 2004 में ब्रिटेन का नागरिक बन गया और उसने मिर्ची और रियल एस्टेट डेवलपर्स के बीच अवैध सौदों को अंजाम देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इन सौदों को बिंद्रा द्वारा लगभग 30 करोड़ रुपये की दलाली के बाद तय किया गया।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत