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आंदोलन कर रहे किसान ने की आत्महत्या, धरना स्थल पर बनाते थे चाय

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Jun 16, 2021 07:22 pm IST,  Updated : Jun 16, 2021 07:22 pm IST

हरियाणा में खटकड़ टोल प्लाजा पर जारी किसानों के धरने में मंगलवार रात एक किसान ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर उचाना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया।

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हरियाणा में खटकड़ टोल प्लाजा पर जारी किसानों के धरने में मंगलवार रात एक किसान ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। Image Source : PTI REPRESENTATIONAL

जींद: हरियाणा में खटकड़ टोल प्लाजा पर जारी किसानों के धरने में मंगलवार रात एक किसान ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर उचाना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। टोल पर मौजूद किसान नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार 3 नए कृषि कानूनों को रद्द नहीं कर रही है, जिसके चलते मृतक सरकार के इस रवैये से आहत था। केंद्र के 3 कृषि कानूनों के विरोध में लंबे समय से खटकड़ टोल पर किसानों का धरना जारी है। मंगलवार रात को गांव खटकड़ निवासी सतपाल (55) ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली।

आंदोलनकारियों के लिए चाय बनाते थे सतपाल

रिपोर्ट्स के मुताबिक, घटना का उस समय पता चला जब सतपाल काफी समय तक नहीं उठे। किसान जब मौके पर पहुंचे तो वह मृत पाए गए और उनके पास ही जहरीले पदार्थ की बोतल पड़ी थी। मृतक सतपाल आंदोलनरत किसानों की सेवा में पिछले 6 माह से जुटे हुए थे और उनके लिए चाय बनाते थे। किसानों ने सतपाल द्वारा आत्महत्या करने की सूचना उचाना थाना पुलिस को दी। किसान नेता सतबीर पहलवान ने कहा कि किसान सतपाल इस बात से नाराज थे कि सरकार 3 कृषि कानून रद्द करने के लिए कुछ नहीं कर रही है। इसे लेकर वह मानसिक रूप से परेशान भी रहते थे।

किसानों का जवाब सुनकर परेशान हो गए थे सतपाल
उन्होंने कहा कि कुछ किसान सोमवार को दिल्ली के धरने में गए थे। जब उन्होंने वापस आकर सरकार के किसानों के प्रति रवैये के बारे में बताया तो सतपाल और परेशान हो गए। किसान नेता ने आरोप लगाया कि मंगलवार रात को इसी तनाव के चलते उन्होंने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। उन्होंने कहा कि किसान लगभग 7 महीनों से 3 कृषि कानूनों के विरोध में आंदोलन कर रहे है लेकिन सरकार इन्हें रद्द करने के लिए कुछ नहीं कर रही । उचाना थाना प्रभारी रविंद्र कुमार ने बताया कि मृतक किसान के परिजनों को बुलाया गया है। उनके बयान दर्ज करने के बाद ही आगामी कार्रवाई की जाएगी। (भाषा)

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