नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने आज सहारा प्रमुख सुब्रत रॉय की पैरोल की अवधि बढ़ाने की याचिका को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने पुलिस से उन्हें तुरंत गिरफ्तार करने का भी आदेश दिया है। इसके बाद उन्हें तीन अक्टूबर तक के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। दो साल जेल में रह चुके सुब्रत रॉय फिलहाल पैरोल पर बाहर हैं।
सुब्रत रॉय के वकील ने शुक्रवार को अदालत से उन्हें दिए गए पैरोल की अवधि बढ़ाने का आग्रह किया था, लेकिन कोर्ट ने जवाब में कहा, "आप (सुब्रत रॉय) वापस जेल जा रहे हैं..." दरअसल, सुब्रत रॉय पिछले मई माह से पैरोल पर जेल से बाहर हैं, और बढ़ाई गई पैरोल की अवधि भी शुक्रवार को खत्म हो रही थी।
पैरोल शुरू होने से पहले सुब्रत रॉय बाज़ार नियामक सेबी से लंबे समय तक चलते रहे विवाद के कारण सुप्रीम कोर्ट के आदेश से लगभग दो साल दिल्ली की तिहाड़ जेल में बिता चुके हैं।
68 वर्षीय राय की परोल की अवधि 23 सितंबर तक के लिये बढ़ायी गई थी जो आज खत्म हो रही है। इस मामले की सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने उनका परोल बढ़ाने से इंकार कर दिया। गौर हो कि सुप्रीम कोर्ट ने सहारा समूह से कहा था कि वह यह खुलासा करे कि 25,000 करोड़ रपये उसने कहां से जुटाये और तथा निवेशकों को धन लौटाकर पाक साफ हो। न्यायालय ने कहा था कि यह पचा पाना मुश्किल है क्योंकि इतनी बड़ी राशि आसमान से नहीं टपक सकती।