नई दिल्ली: खादी ग्रामोद्योग आयोग (केवीआईसी) द्वारा महात्मा गांधी की जगह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर वाली डायरी व कैलेंडर के प्रकाशन पर महात्मा गांधी के परपौत्र तुषार गांधी ने शुक्रवार को नाराजगी जताई और आयोग को भंग करने की मांग की। तुषार गांधी ने कहा कि यह कदम महात्मा की विरासत को छीनने का प्रयास है और उन्होंने केवीआईसी को भंग करने की मांग की।
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उन्होंने कहा, "बात केवल तस्वीर की नहीं है। यह मायने नहीं रखता कि वे कितना बहाना बनाते हैं, वे गांधीवादी विचारधारा में यकीन ही नहीं करते। इसलिए सत्यनिष्ठा बरतने का सवाल ही पैदा नहीं होता। यह बस महात्मा गांधी की विरासत को छीनने का एक निराशाजनक प्रयास है।" तुषार ने केवीआईसी पर खादी को एक बेबस कपड़े में तब्दील करने का आरोप लगाया।
उन्होंने इससे पहले ट्वीट कर कहा, "केवीआईसी के कैलेंडर व डायरी से बापू की तस्वीर को लाखों रुपये के सूट पसंद करने वाले प्रधानमंत्री से बदल देना मंत्रालय का एक कपटपूर्ण कृत्य है।"