भारत ने पाकिस्तान में छिपे आतंकवादियों के 9 ठिकानों पर मिसाइल से अटैक कर नेस्तनाबूद कर दिया। इस बीच सीएम उमर अब्दुल्ला ने जम्मू-कश्मीर के कई जिलों के डीसी के साथ इमरजेंसी बैठक की। यह बैठक कठुआ, जम्मू, सांबा, राजौरी, पुंछ, बारामुल्ला, कुपवाड़ा और बांदीपुर के डिप्टी कमिश्नरों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई। सीएम ने कहा, "मैंने सीमा और नियंत्रण रेखा के पास के इलाकों के जिला कलेक्टरों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस की। मैंने स्थिति का जायजा लिया है। मुझे कुछ जगहों से नुकसान की खबर मिली है, लेकिन हम फिलहाल रिपोर्ट एकत्र कर रहे हैं। मैंने किसी भी तरह की आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए जिला कलेक्टरों को फंड जारी कर दिया है। अगर हमें नागरिकों को निकालना पड़ा तो इसके लिए वाहनों और एंबुलेंस का इंतजाम किया गया है।"
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा, "फिलहाल घबराने की कोई जरूरत नहीं है। आवश्यक वस्तुओं की कोई कमी नहीं है, अस्पतालों के ब्लड बैंकों में आपूर्ति की कोई कमी नहीं है। राजमार्ग यातायात के लिए खुला है।"
बता दें कि इससे पहले उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा, "उन्होंने सीमावर्ती जिलों में स्थिति का जायजा लिया है और वे स्थिति पर करीब से नजर रख रहे हैं। सरकार किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।"
एलजी ने कहा, "मैं स्थिति पर करीब से नजर रख रहा हूं और सरकार किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। मैंने डीसी को संवेदनशील क्षेत्रों से ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने और उनके लिए भोजन, आवास, भोजन, चिकित्सा और परिवहन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। हम प्रत्येक नागरिक की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे।"
बता दें इस स्थिति को देखते हुए पुंछ में सभी सराकरी व गैर सराकारी स्कूलों को आज के लिए बंद कर दिया गया है। इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है।
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