त्वचा की सही देखभाल करने और निखार लाने के लिए आयुर्वेद में कई चमत्कारी उपाय हैं। ऐसा ही असरदार घरेलू उपाय है मुलेठी, जो त्वचा की गहराई से देखभाल करती है। मुलेठी का इस्तेमाल स्वस्थ और चमकदार त्वचा के लिए किया जाता है। मुलेठी को यष्टिमधु भी कहा जाता है, इसका इस्तेमाल दादी नानी भी कई तरह के नुस्खों में करती थीं। पुराने दाग-धब्बों को दूर करने, मुंहासे के निशान मिटाने और झाइयों को दूर करने में मुलेठी असरदार काम करती है। अगर आपकी त्वचा पर हाइपरपिगमेंटेशन, मुंहासे या स्ट्रेच मार्क्स के दाग है तो मुलेठी उन्हें साफ करने के लिए असरदार साबित होती है। जानिए त्वचा पर मुलेठी का इस्तेमाल कैसे करें?
त्वचा पर मुलेठी का इस्तेमाल कैसे करें?
मुलेठी पाउडर को गुलाब जल में मिलाकर स्पॉट मास्क की तरह लगा सकते हैं। आप इसे हफ्ते में 2-3 बार इस्तेमाल कर लें। आप चाहें तो मुलेठी पाउडर को एलोवेरा जेल या शहद के साथ मिलाकर भी लगा सकते हैं। इस लेप को लगाने से सूजन कम होती है। निशान साफ होते हैं। धूप में निकलने के बाद मास्क के रूप में मुलेठी को दही या एलोवेरा के साथ मिलाकर लगाएं। इससे टैनिंग दूर होगी और त्वचा को ठंडक मिलेगी। गर्मियों में खासतौर से मुलेठी धूप से होने वाले नुकसान को कम करने में मदद करती है।
त्वचा पर मुलेठी लगाने के फायदे
रंग साफ करे और त्वचा को चमकदार बनाए- त्वचा के लिए मुलेठी के फायदे में सबसे बड़ा फायदा है कि ये प्राकृतिक रूप से त्वचा को गोरा करने में मदद करती है। मुलेठी में ग्लैब्रिडिन नामक यौगिक होता है जो मेलेनिन के उत्पादन को कम करने में मदद करता है। इससे झाइयां कम होती है। दाग धब्बे हल्के होते हैं। धूप से होने वाले टैन और पिगमेंटेशन को हल्का करता है।
काले धब्बे और हाइपरपिगमेंटेशन दूर करे- अगर आप मुहांसों के निशान, मेलास्मा या सूजन के बाद होने वाले दाग-धब्बों से परेशान हैं, तो मुलेठी आपके लिए बहुत फायदेमंद है। इसमें मौजूद लिक्विरिटिन नामक यौगिक त्वचा में मौजूद मेलेनिन को फैलाने में मदद करता है, जिससे त्वचा में जलन पैदा किए बिना काले धब्बे हल्के हो जाते हैं।
फाइन लाइन और झुर्रियों को कम करे- महीन रेखाओं और समय से पहले उम्र बढ़ने के लक्षणों को मुलेठी कम करती है। मुलेठी अपने एंटीऑक्सीडेंट गुणों के कारण, ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से लड़ने में मदद करती है, जो समय से पहले बुढ़ापे के सबसे बड़े कारणों में से एक है। ये कोलेजन के टूटने को रोकती है और बारीक रेखाओं और झुर्रियों को कम करती है।
एक्जिमा और सोरायसिस में फायदेमंद- मुलेठी का इस्तेमाल करने से त्वचा संबंधी समस्याओं में आराम मिलता है। आयुर्वेद में सदियों से मुलेठी का उपयोग त्वचा की सूजन संबंधी समस्याओं को शांत करने के लिए किया जाता रहा है। इसमें सूजनरोधी, रोगाणुरोधी और नमी प्रदान करने वाले गुण होते हैं, जो इसे एक्जिमा, चकत्ते और यहां तक कि खुजली या छिलने वाली त्वचा के लिए अच्छी है।
मुंहासे और दाग-धब्बों के इलाज में फायदेमंद- हार्मोनल समस्याओं के कारण लड़के और लड़कियों किसी को भी मुहांसे हो सकते हैं। खासतौर से युवाओं को ये समस्या सबसे ज्यादा परेशान करती है। मुलेठी एक प्राकृतिक एंटीबैक्टीरियल तत्व है जो रोमछिद्रों को साफ करती है और नए मुहांसों को रोकती है। इससे मुहांसों के दाग भी हल्के होने लगते हैं।