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नई शिक्षा नीति पर अब महाराष्ट्र में टकराव, राज ठाकरे के घर अहम बैठक, हिंदी भाषा विवाद पर हो रही चर्चा

Reported By : Dinesh Mourya Edited By : Dhyanendra Chauhan Published : Apr 18, 2025 08:52 am IST, Updated : Apr 18, 2025 11:42 am IST

स्कूलों में कक्षा 1 से कक्षा 5 तक हिंदी पढ़ाए जाने का राज ठाकरे ने विरोध किया है। राज ठाकर ने साफ शब्दों में कहा कि वह हिंदू हैं लेकिन हिंदी स्वीकार नहीं हैं। राज ठाकरे के घर पार्टी के नेता हिंदी भाषा विवाद पर चर्चा कर रहे हैं।

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे- India TV Hindi
Image Source : FILE PHOTO महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे

महाराष्ट्र में हिंदू भाषा का विवाद एक बार फिर गर्माता जा रहा है। राज ठाकरे ने एमएनएस के प्रमुख नेताओं की बैठक बुलाई है। राज ठाकरे के घर शिवतीर्थ पर ये बैठक हो रही है। इस बैठक में महाराष्ट्र में लागू किए गए नई शिक्षा नीति के मुद्दे पर चर्चा की जा रही है। 

मराठी लोगों को इस मुद्दे से कैसे जोड़ा जाए

हिंदी विरोध के मुद्दे पर जनता के बीच कैसे जाएं? कैसे मराठी लोगों और मराठी संगठनों को इस मुद्दे के साथ जोड़ा जाए? इन सभी विषयों पर राज ठाकरे के घर मंथन किया जा रहा है।

हिंदी को लेकर राज ठाकरे ने पहले ही चेताया

स्कुलों में पहली कक्षा से हिंदी पढ़ाने का राज ठाकरे विरोध कर रहे हैं। राज ठाकरे का कहना है की 'हम हिंदू हैं लेकिन हिंदी नहीं'। अगर सरकार फैसले को पीछे नहीं लेती है तो संघर्ष अटल है। यह चेतावनी राज ठाकरे पहले ही दे चुके हैं।

तमिलनाडु के बाद अब महाराष्ट्र में विरोध

राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के कार्यान्वयन के बाद, 2025-26 शैक्षणिक वर्ष से मराठी और अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों में कक्षा 1 से 5 तक के छात्रों के लिए हिंदी अनिवार्य तीसरी भाषा होगी। इसको लेकर तमिलनाडु के बाद अब महाराष्ट्र में विरोध होने लगा है।

महाराष्ट्र में संघर्ष होना तय

मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, 'हम हिंदू हैं, लेकिन हिंदी नहीं! अगर आप महाराष्ट्र को हिंदी के रूप में चित्रित करने की कोशिश करेंगे, तो महाराष्ट्र में संघर्ष होना तय है। अगर आप यह सब देखेंगे, तो आपको लगेगा कि सरकार जानबूझकर यह संघर्ष पैदा कर रही है। क्या यह सब आगामी चुनावों में मराठी और गैर-मराठी लोगों के बीच संघर्ष पैदा करने और इसका फायदा उठाने की कोशिश है?'

हिंदी राष्ट्रीय भाषा नहीं- राज ठाकरे 

मनसे प्रमुख ने यह भी कहा कि हिंदी राष्ट्रीय भाषा नहीं है, फिर इसे महाराष्ट्र में छात्रों को शुरू से ही क्यों पढ़ाया जाना चाहिए। ठाकरे ने एक्स पर लिखा, 'आपका त्रिभाषी फॉर्मूला जो भी हो, उसे सरकारी मामलों तक सीमित रखें, शिक्षा में न लाएं।'

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