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अनिल अंबानी की मुश्किलें बढ़ीं, CBI ने पंजाब नेशनल बैंक की शिकायत पर दर्ज किया मामला

 Reported By: Atul Bhatia Edited By: Sunil Chaurasia
 Published : Mar 08, 2026 10:33 am IST,  Updated : Mar 08, 2026 11:22 am IST

सरकारी बैंक का आरोप है कि रिलायंस कम्युनिकेशंस ने वापस नहीं लौटाने के इरादे से 1085 करोड़ रुपये का लोन लिया।

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पंजाब नेशनल बैंक ने अपनी शिकायत में क्या-क्या आरोप लगाए Image Source : PTI

देश के जाने-माने उद्योगपति अनिल अंबानी की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इंवेस्टिगेशन (CBI) ने दिग्गज कारोबारी अनिल अंबानी के खिलाफ आईपीसी की धारा 420 और 120Bबी के तहत मामला दर्ज कर लिया है। सीबीआई ने पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के चीफ मैनेजर संतोषकृष्ण अन्नावरपू की शिकायत के आधार पर अनिल अंबानी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। सीबीआई द्वारा दर्ज की गई एफआईआर के मुताबिक, साल 2013 से लेकर 2017 के बीच अनिल अंबानी ने अपनी कंपनी रिलायंस कम्युनिकेशंस के तत्कालीन अधिकारियों के साथ मिलकर पंजाब नेशनल बैंक के साथ 1085 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की।

पंजाब नेशनल बैंक ने अपनी शिकायत में क्या-क्या आरोप लगाए

बैंक ने अपनी शिकायत में कहा कि इस धोखाधड़ी में पीएनबी को 621.39 करोड़ रुपये और यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया को 463.80 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। बताते चलें कि यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया का साल 2020 में पंजाब नेशनल बैंक में विलय हो गया था। सरकारी बैंक का आरोप है कि रिलायंस कम्युनिकेशंस ने वापस नहीं लौटाने के इरादे से 1085 करोड़ रुपये का लोन लिया।

कंपनी पर जान-बूझकर फंड को दूसरी जगह डायवर्ट करने का आरोप

पंजाब नेशनल बैंक ने ये भी आरोप लगाया है कि कंपनी ने बैंक से लिए गए फंड को जान-बूझकर दूसरी जगह डायवर्ट कर दिया। आरोप है कि आरोपियों ने बैंक के पैसों का दुरुपयोग कर न सिर्फ धोखाधड़ी की बल्कि आपराधिक विश्वासघात (क्रिमिनल ब्रीच ऑफ ट्रस्ट) भी किया। सीबीआई द्वारा दर्ज की गई एफआईआर में अनिल अंबानी, रिलायंस कम्युनिकेशंस और मंजरी अशोक काकर समेत कुछ अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया गया है। शिकायत के अनुसार, कंपनी ने बाद में इन लोन अकाउंट्स को साल 2017 में नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (NPA) घोषित कर दिया गया, क्योंकि उधार लेने वाली कंपनी वित्तीय अनुशासन बनाए रखने में सफल नहीं और लोन की शर्तों का भी उल्लंघन किया।

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