शादी से पहले लड़का-लड़की की उम्र के बारे में जरूर जानकारी ली जाती है। लव मैरिज में भले ही प्रेमी-प्रमिका उम्र नहीं देखते लेकिन अरेंज मैरिज में इस चीज पर विशेष ध्यान दिया जाता है। आचार्य चाणक्य ने अपनी नीतियों में बताया है कि पति-पत्नी की उम्र में कितना अंतर बेहतर होता है। जिससे दांपत्य जीवन में सदैव खुशियां बनी रहें। तो चाणक्य ने इस विषय में कहा है कि पत्नी पति से 3 से लेकर 5 साल तक छोटी होनी चाहिए। जिससे पति-पत्नी के बीच संतुलन, समझ और सम्मान कायम रहे।
चाणक्य नीति में स्पष्ट रूप से उल्लेख है कि पति की उम्र पत्नी से अधिक होनी चाहिए, ताकि वह अपने अनुभव, धैर्य और परिपक्वता से गृहस्थ जीवन को संभाल सके। चाणक्य अनुसार पति-पत्नी के बीच उम्र का फासला अधिक होता है तो जीवन में कई तरह की समस्याएं आ सकती हैं।
चाणक्य कहते हैं कि ज्यादा उम्र के पुरुष का कम उम्र की लड़की से विवाह करना बिल्कुल भी उचित नहीं है क्योंकि ऐसी शादियां लंबे समय तक टिकती नहीं हैं। इसलिए चाणक्य ने पति और पत्नी के बीच 3 से 5 वर्ष का उम्र का अंतर उपयुक्त बताया है। ये अंतर न तो 5 साल से ज्यादा होना चाहिए और ना ही कम।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
यह भी पढ़ें:
जिंदगी में जब हार रहे हों तब क्या करना चाहिए? संत प्रेमानंद महाराज ने दी ये खास सलाह