वाशिंगटन: अमेरिका सशस्त्र बलों में कार्यरत ट्रांसजेंडर जवानों पर लगा प्रतिबंध समाप्त करने पर विचार कर रहा है। यह घोषणा रक्षामंत्री एश्टन कार्टर ने की है। रक्षा मंत्री एश्टन कार्टर ने कल कहा, ट्रांसजेंडर जवानों के संबंध में रक्षा विभाग के मौजूदा नियम पुराने हो चुके हैं और इससे अनिश्चितता पैदा हो रही है जो कमांडरों का ध्यान हमारे मुख्य अभियानों से भटकाते हैं। कार्टर ने एक कार्य समूह गठित करने की घोषणा की जो आगामी छह महीनों में ट्रांसजेंडर लोगों की सेवा का खुलकर स्वागत करने के प्रभावों और इस संबंधी नीति का अध्ययन करेगा। इस समूह का नेतृत्व कार्यवाहक अंडर सेक्रेट्री ऑफ डिफेंस फोर पर्सनेल एवं रेडीनेस ब्रैड कार्सन करेंगे।
उन्होंने कहा, मेरे निर्देश पर कार्य समूह इस पूर्वानुमान के साथ काम शुरू करेगा कि ट्रांसजेंडर लोग सैन्य प्रभावशीलता और तत्परता पर कोई प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना खुलकर सेवा दे सकते हैं, जब तक कि वस्तुनिष्ठ, व्यावहारिक बाधाओं का पता नहीं चलता। कार्टर ने कहा, हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि जो कोई भी देश की सेवा करने के लिए इच्छुक और सक्षम है उसे ऐसा करने का पूरा और समान अवसर दिया जाना चाहिए। हमें सभी लोगों के साथ समान व्यवहार करना चाहिए और उन्हें वह सम्मान देना चाहिए जिसके वे हकदार हैं। रक्षा विभाग को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हम ये दोनों काम कैसे करें और इस दिशा में वह सुधार करना जारी रखेगा। भविष्य में हमारी सेना की ताकत इस पर निर्भर करती है।
पेंटागन के इस कदम का व्यापक स्तर पर स्वागत किया गया है। सदन की सशस्त्र सेवा समिति के रैंकिंग सदस्य एडम स्मिथ ने कार्टर के इस निर्णय की प्रशंसा करते हुए कहा, यह पूर्वानुमान लेकर काम करना कि ट्रांसजेंडर लोग सैन्य प्रभावशीलता और तत्परता पर कोई प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना खुले तौर पर सेवा दे सकते है, सही दिशा में एक कदम है।