1. Hindi News
  2. हेल्थ
  3. बदबूदार सांस को भूलकर भी न करें नजरअंदाज, शरीर में हो सकती हैं ये अंदरूनी समस्याएं

बदबूदार सांस को भूलकर भी न करें नजरअंदाज, शरीर में हो सकती हैं ये अंदरूनी समस्याएं

 Written By: Poonam Yadav @R154Poonam
 Published : Mar 28, 2026 11:39 pm IST,  Updated : Mar 28, 2026 11:39 pm IST

​अगर आप रोज़ सुबह सूखे मुँह और बदबूदार सांस के साथ उठते हैं, तो इसे सिर्फ एक सामान्य समस्या मानकर न टालें। इसके पीछे सेहत से जुड़ी कई गंभीर समस्याएं हो सकती हैं।

बदबूदार सांस को भूलकर भी न करें नजरअंदाज- India TV Hindi
बदबूदार सांस को भूलकर भी न करें नजरअंदाज Image Source : UNSPLASH

सुबह उठते ही मुँह का सूखना और सांस में बदबू आना सिर्फ एक छोटी-सी असुविधा नहीं है, बल्कि यह आपके शरीर के अंदर चल रही कई प्रक्रियाओं का संकेत हो सकता है। इसे समझना और समय रहते ध्यान देना आपकी ओवरऑल हेल्थ के लिए ज़रूरी है। ऐसे में सवाल यह है कि आखिर हमें किन बातों पर गंभीरता से सोचना चाहिए?

बदबूदार सांस होने पर हो सकती हैं ये समस्याएं

  • हाइड्रेशन की कमी: हाइड्रेशन पर ध्यान देना बेहद ज़रूरी है। अगर आप दिनभर पर्याप्त पानी नहीं पीते या सोने से पहले शरीर डिहाइड्रेटेड रहता है, तो लार का प्रोडक्शन कम हो जाता है। इसलिए यह सोचने की जरूरत है कि क्या आप रोज़ पर्याप्त पानी पी रहे हैं या नहीं।

  • नींद नहीं हुई है पूरी: सिर्फ 7-8 घंटे सोना ही काफी नहीं है, बल्कि यह भी ज़रूरी है कि आपकी नींद गहरी और बिना रुकावट के हो। अगर आप रात में बार-बार जागते हैं या सुबह उठकर भी थकान महसूस करते हैं, तो यह भी सूखे मुँह और बदबूदार सांस का कारण बन सकता है।

  • खराब पाचन: इसके अलावा, डाइजेशन और मेटाबॉलिज़्म पर भी ध्यान देना चाहिए। अगर पाचन सही नहीं है, एसिड रिफ्लक्स की समस्या है या खाने का समय अनियमित है, तो इसका असर आपकी सांस की गंध पर भी पड़ सकता है। ऐसे में यह देखना जरूरी है कि आपकी डाइट और खाने की आदतें कैसी हैं।

  • लगातार तनाव: तनाव और दवाइयाँ भी एक छिपा हुआ कारण हो सकते हैं। लगातार तनाव में रहने से सांस लेने का पैटर्न बदल जाता है और लार कम बनने लगती है। वहीं, कुछ दवाइयाँ जैसे एंटीहिस्टामाइन या ब्लड प्रेशर की दवाएं भी मुँह को सूखा बना सकती हैं। इसलिए यह समझना जरूरी है कि क्या आपकी लाइफस्टाइल या दवाइयाँ इस समस्या से जुड़ी हुई हैं।

  • ओरल हाइजीन: आखिर में, ओरल हाइजीन को नज़रअंदाज़ नहीं करना चाहिए। सिर्फ ब्रश करना काफी नहीं है, जीभ की सफाई, फ्लॉसिंग और मुँह को साफ रखना भी उतना ही ज़रूरी है, ताकि बैक्टीरिया जमा न हो।

डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। हेल्थ से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।