1. Hindi News
  2. भारत
  3. राजनीति
  4. लखीमपुर हिंसा: राहुल गांधी ने कहा- अजय मिश्रा को इस्तीफा देना होगा, जेल जाना पड़ेगा

लखीमपुर हिंसा: राहुल गांधी ने कहा- अजय मिश्रा को इस्तीफा देना होगा, जेल जाना पड़ेगा

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Dec 15, 2021 05:30 pm IST,  Updated : Dec 15, 2021 06:46 pm IST

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने लखीमपुर-खीरी मामले पर बुधवार को लोकसभा में कार्यस्थगन का नोटिस दिया था।

Rahul Gandhi, Rahul Gandhi Ajay Mishra, Rahul Gandhi Ajay Mishra Teni- India TV Hindi
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा कि केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा को इस्तीफा देना पड़ेगा तथा जेल भी जाना होगा। Image Source : PTI

Highlights

  • राहुल गांधी ने कहा कि पीएम मोदी एक ऐसे व्यक्ति को मंत्री बनाए हुए हैं जिसने ‘किसानों को मारा है।’
  • कांग्रेस नेता ने कहा कि वह इस मुद्दे को संसद में उठाना चाहते थे, लेकिन उन्हें अनुमति नहीं दी गई।
  • राहुल गांधी ने कहा, 5 साल, 10 साल या 15 साल लग जाएं, मंत्री को जेल जाना होगा।

नई दिल्ली: कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने लखीमपुर-खीरी हिंसा मामले में विशेष जांच दल (SIT) की ओर से अदालत में दिए गए आवेदन की पृष्ठभूमि में बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा और कहा कि गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा को इस्तीफा देना पड़ेगा तथा जेल भी जाना होगा। उन्होंने यह भी कहा कि एक तरफ तो प्रधानमंत्री किसानों से माफी मांगते हैं और दूसरी तरफ वह एक ऐसे व्यक्ति को मंत्री बनाए हुए हैं जिसने ‘किसानों को मारा है।’

दिन भर के लिए स्थगित हुई लोकसभा की कार्यवाही

लखीमपुर-खीरी हिंसा मामले से जुड़े SIT के आवेदन को लेकर बुधवार को लोकसभा में विपक्षी सदस्यों के हंगामे के चलते सदन की कार्यवाही एक बार के स्थगन के बाद दिन भर लिए स्थगित कर दी गई। राहुल गांधी ने लखीमपुर-खीरी मामले पर बुधवार को लोकसभा में कार्यस्थगन का नोटिस दिया था। नोटिस में उन्होंने सदन में नियत कामकाज स्थगित करने की मांग की थी और कहा था कि SIT रिपोर्ट को लेकर सदन में चर्चा होनी चाहिए।

‘कहा जा रहा है कि इसमें मंत्री में शामिल हैं’
सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद राहुल गांधी ने दावा किया, ‘किसानों की हत्या की गई। कहा जा रहा है कि इसमें मंत्री में शामिल हैं। वह प्रधानमंत्री के मंत्रिमंडल में हैं। प्रधानमंत्री एक तरफ किसानों से माफी मांगते हैं और दूसरी तरफ जान गंवाने वाले किसानों के परिवारों को मुआवजा तक नहीं देते। उन्होंने एक ऐसे व्यक्ति को अपनी मंत्रिपरिषद में रखा है जो हत्यारा है, जिसने (किसानों को) मारा है।’ उन्होंने कहा कि वह इस मुद्दे को संसद में उठाना चाहते थे, लेकिन उन्हें अनुमति नहीं दी गई।

‘मंत्री को भी इस्तीफा देना पड़ेगा और जेल जाना होगा’
राहुल ने बीजेपी के नेता और केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल के इस बयान को अतार्किक करार दिया जिसमें उन्होंने कहा है कि लखीमपुर खीरी मामले पर संसद में चर्चा नहीं हो सकती क्योंकि यह अदालत में विचाराधीन है। राहुल गांधी ने जोर देकर कहा, ‘हमने किसानों के परिवार से वादा किया था कि दबाव डालकर न्याय दिलवाएंगे। हमने कृषि कानूनों को लेकर कहा कि इनको वापस लेना पड़ेगा, आपने देखा कि इनको वापस लिया गया है। इसी तरह मंत्री को भी इस्तीफा देना पड़ेगा और जेल जाना होगा।’

‘सरकार हमें बोलने की अनुमति नहीं दे रही है’
कांग्रेस नेता ने कहा, ‘हम नहीं छोड़ेंगे। 5 साल, 10 साल या 15 साल लग जाएं, मंत्री को जेल जाना होगा। सरकार हमें बोलने की अनुमति नहीं दे रही है, इस कारण सदन में व्यवधान पैदा हुआ है। हमने कहा है कि रिपोर्ट आई है और उनके मंत्री इसमें शामिल हैं, ऐसे में इस पर चर्चा होनी चाहिए। लेकिन वह चर्चा नहीं होने देना चाहते हैं।’ गौरतलब है कि लखीमपुर खीरी हिंसा मामले की जांच कर रही SIT ने अब तक की छानबीन और साक्ष्यों के आधार पर दावा किया है कि केंद्रीय मंत्री के पुत्र और उसके सहयोगियों द्वारा जानबूझकर, सुनियोजित साजिश के तहत घटना को अंजाम दिया गया।

हिंसा में 4 किसानों समेत 8 की हुई थी मौत
SIT के मुख्य जांच निरीक्षक विद्याराम दिवाकर ने मुख्‍य न्‍यायिक मजिस्‍ट्रेट (CJM) की अदालत में दिये गये आवेदन में आरोपियों के विरुद्ध उपरोक्‍त आरोपों की धाराओं के तहत मुकदमा चलाने का अनुरोध किया है। केंद्रीय गृह राज्य मंत्री के पुत्र आशीष मिश्रा मोनू समेत उसके 13 साथियों पर लखीमपुर खीरी में 3 अक्टूबर को प्रदर्शन कर रहे किसानों को जीप से कुचलने का आरोप है। इस घटना में और इसके बाद भड़की हिंसा में 4 किसानों समेत 8 लोगों की मौत हो गई थी।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Politics से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत