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राज ठाकरे की मनसे का रेलवे को अल्टीमेटम, रत्नागिरी पैसेंजर नहीं चली तो यूपी-बिहार ट्रेनें भी होंगी बंद

 Reported By: Sachin Chaudhary Edited By: Dhyanendra Chauhan
 Published : Mar 24, 2026 09:56 pm IST,  Updated : Mar 24, 2026 10:21 pm IST

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के पदाधिकारी रेलवे के कार्यालय में गए और इसके लिए एक पत्र भी सौंपा है। इसमें साफ कहा गया है कि 15 से 20 दिन के अंदर मांग न पूरी होने पर यूपी और बिहार की ट्रेनें भी बंद कर दी जाएंगी।

सांकेतिक तस्वीर- India TV Hindi
सांकेतिक तस्वीर Image Source : PTI AND REPORTER INPUT

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) ने रेलवे प्रशासन को कड़ा अल्टीमेटम दिया है। मनसे ने कहा कि यदि 15 दिनों के भीतर रत्नागिरी पैसेंजर ट्रेन सेवा बहाल नहीं की गई, तो पार्टी उत्तर प्रदेश और बिहार जाने वाली ट्रेनों को चलने नहीं देगी। अक्सर उत्तर भारतीयों और हिंदी भाषा के विरोध के लिए खबरों में रहने वाली राज ठाकरे की पार्टी MNS ने अब रेलवे को सीधे चेतावनी दी है। 

ट्रेन को दादर तक चलाने की मांग

यह पूरा मामला मुंबई से कोंकण जाने वाली दादर-रत्नागिरी पैसेंजर ट्रेन से जुड़ा हुआ है। मनसे ने पहले की तरह इस ट्रेन को दादर तक चलाने की मांग की है। मनसे की ओर से कहा गया है कि अगर 15 से 20 दिनों के भीतर मांग पूरी नहीं हुई तो उत्तर प्रदेश और बिहार जाने वाली एक्सप्रेस ट्रेनों को रोक दिया जाएगा।

यात्रियों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा

पैसेंजर ट्रेन दादर से सीधे रत्नागिरी तक चलती थी, जिससे कोंकण जाने वाले यात्रियों को काफी सुविधा मिलती थी, लेकिन पिछले कुछ सालों में रेलवे ने बिना पर्याप्त कारण बताए इस ट्रेन को दिवा स्टेशन तक सीमित कर दिया। इस फैसले से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि अब उन्हें दादर से सीधे ट्रेन पकड़ने के बजाय पहले ठाणे जिले के दिवा स्टेशन जाना पड़ता है।

मनसे ने कहा अब बन गई आंदोलन की स्थिति

मनसे का कहना है कि यह फैसला कोंकण के लोगों के साथ अन्याय है। इसे किसी भी हालत में स्वीकार नहीं किया जाएगा। पार्टी नेताओं के अनुसार, कोरोना काल में बंद हुई इस ट्रेन को बाद में फिर शुरू किया गया, लेकिन तब से इसे दादर तक बहाल नहीं किया गया। बार-बार मांग करने के बावजूद रेलवे प्रशासन ने इस मुद्दे पर ध्यान नहीं दिया, जिससे अब आंदोलन की स्थिति बन गई है।

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