Tata Motors produces only one Nano Car in June
नई दिल्ली। एक तरफ देश में कारों की बिक्री के रिकॉर्ड बन रहे हैं तो दूसरी तरफ टाटा मोटर्स की एक कार ऐसी भी है जो उसकी मजबूती बन चुकी है। 10 साल पहले लॉन्च हुई टाटा नैनो की मांग लगभग खत्म हो चुकी है, लेकिन इसके बावजूद कंपनी इसके प्रोजेक्ट को बंद नहीं कर रही और मजबूरी में इक्का-दुक्का कार का उत्पादन कर रही है।
बुधवार को टाटा मोटर्स ने अपनी अलग-अलग गाड़ियों के उत्पादन और बिक्री आंकड़े जारी किए जिनके मुताबिक जून के दौरान टाटा मोटर्स ने सिर्फ 1 नैनो कार का उत्पादन किया है और महज 3 कारों की बिक्री कर पायी है। कंपनी इस गाड़ी को विदेशों में बेचने का सपना देख रही थी लेकिन जून में टाटा नैनो की एक भी गाड़ी का एक्सपोर्ट नहीं हो पाया है।
नैनो कार टाटा ग्रुप के पूर्व चेयरमैन रतन टाटा का ड्रीम प्रोजेक्ट रहा है, साल 2008 में रतन टाटा ने ही टाटा नैनो को दिल्ली में लॉन्च किया था। शुरुआत के 1-2 साल तो तो टाटा नैनों के लिए बाजार में अच्छा रिस्पॉन्स मिला लेकिन सस्ता होने के बावजूद बाद में यह अन्य मॉडल्स के सामने टिक नहीं पायी और धीरे-धीरे मार्केट से गायब होने लगी। पिछले 2-3 साल से टाटा मोटर्स ने नैनो कार की बिक्री बढ़ाने के लिए प्रयास भी किए लेकिन इसके बावजूद नैनों के लिए खरीदार नहीं मिल रहे हैं।



































