17 February 2026 Ka Panchang: 17 फरवरी को फाल्गुन कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि और मंगलवार का दिन है। अमावस्या तिथि मंगलवार शाम 5 बजकर 31 मिनट तक रहेगी। 17 फरवरी को स्नान-दान श्राद्ध आदि की अमावस्या है। मंगलवार रात 12 बजकर 29 मिनट तक परिघ योग रहेगा। साथ ही 17 फरवरी को रात 9 बजकर 16 मिनट तक धनिष्ठा नक्षत्र रहेगा। मंगलवार से पंचक प्रारंभ है। इसके अलावा मंगलवार को कंकणाकृति सूर्य ग्रहण लग रहा है। आचार्य इंदु प्रकाश से जानिए मंगलवार का पंचांग, राहुकाल, शुभ मुहूर्त और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय।
17 फरवरी 2026 का शुभ मुहूर्त
- फाल्गुन कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि- 17 फरवरी 2026 को शाम 5 बजकर 31 मिनट तक
- परिघ योग- 17 फरवरी 2026 को रात 12 बजकर 29 मिनट तक
- धनिष्ठा नक्षत्र- 17 फरवरी 2026 को रात 9 बजकर 16 मिनट तक
- 17 फरवरी 2026 विशेष- सूर्य ग्रहण, पंचक, फाल्गुन अमावस्या
- सूर्य ग्रहण का समय- 17 फरवरी को दोपहर 3 बजकर 26 मिनट से शाम 7 बजकर 57 मिनट तक
शुभ समय (17 फरवरी 2026)
- ब्रह्म मुहूर्त- 05:26 ए एम से 06:16 ए एम
- प्रातः संध्या- 05:51 ए एम से 07:06 ए एम
- अभिजित मुहूर्त- 12:29 पी एम से 01:16 पी एम
- विजय मुहूर्त- 02:48 पी एम से 03:34 पी एम
- गोधूलि मुहूर्त- 06:37 पी एम से 07:02 पी एम
- सायाह्न संध्या- 06:39 पी एम से 07:54 पी एम
- अमृत काल 10:39 ए एम से 12:17 पी एम
- निशिता मुहूर्त 12:27 ए एम, फरवरी 18 से 01:17 ए एम, फरवरी 18
अशुभ समय (17 फरवरी 2026)
- राहुकाल- 03:46 पी एम से 05:13 पी एम
- यमगण्ड- 09:59 ए एम से 11:26 ए एम
- आडल योग - 09:16 पी एम से 07:05 ए एम, फरवरी 18
- दुर्मुहूर्त- 09:24 ए एम से 10:11 ए एम
- गुलिक काल- 12:53 पी एम से 02:19 पी एम 11:38 पी एम से 12:27 ए एम, फरवरी 18
- वर्ज्य- 04:28 ए एम, फरवरी 18 से 06:04 ए एम, फरवरी 18
- पंचक- 09:05 ए एम से 07:05 ए एम, फरवरी 18
- बाण रज- 03:00 ए एम, फरवरी 18 तक
राहुकाल का समय
- दिल्ली- दोपहर बाद 03:24 से शाम 04:48 तक
- मुंबई- दोपहर बाद 03:46 से शाम 05:13 तक
- चंडीगढ़- दोपहर बाद 03:24 से शाम 04:48 तक
- लखनऊ- दोपहर बाद 03:10 से शाम 04:35 तक
- भोपाल- दोपहर बाद 03:26 से शाम 04:51 तक
- कोलकाता- दोपहर 02:42 से शाम 04:08 तक
- अहमदाबाद- दोपहर बाद 03:45 से शाम 05:10 तक
- चेन्नई- दोपहर बाद 03:19 से शाम 04:47 तक
सूर्योदय-सूर्यास्त का समय
- सूर्योदय- सुबह 6:57 am
- सूर्यास्त- शाम 6:12 pm
पंचक
पंचक को अशुभ समय माना जाता है। पंचक में कोई भी शुभ और मांगलिक कार्य नहीं किए जाते हैं। इसके अलावा पंचक में किसी भी तरह का निर्माण कार्य, औजार और मशीनरी कामों की शुरुआत करना अशुभ माना गया है। पंचक मंगलवार से शुरू हो रहा है इसलिए इसे अग्नि पंचक कहा जाएगा।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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