Aaj Ke Upay: आज सुबह 8 बजकर 19 मिनट धनिष्ठा नक्षत्र रहेगा, उसके बाद शतभिषा नक्षत्र लग जाएगा। धनिष्ठा नक्षत्र की चर्चा हम आपसे कल ही कर चुके है लिहाजा आज हम बात करेंगे शतभिषा नक्षत्र की- आकाशमंडल में स्थित 27 नक्षत्रों में से शतभिषा 24वां नक्षत्र है। इसका अर्थ होता है- सौ चिकित्सक। ये नक्षत्र अपने आप में बहुत-सी वस्तुओं को समा लेने की क्षमता रखता हैं। इस नक्षत्र में नामकरण, मुण्डन, कोई नया सामान खरीदना और विद्या आरंभ करना बेहद ही शुभ माना जाता है। आपको बता दें कि शतभिषा नक्षत्र के स्वामी राहु है, जो कि एक छाया ग्रह है। इसके चारों चरण कुंभ राशि में ही आते हैं अतः इसकी राशि कुंभ है।
शतभिषा नक्षत्र में जन्में जातक साहसी, सात्विक जीवन जीने वाले, सदाचारी, धार्मिक, चतुर, रहस्यमयी और आत्मविश्वास से भरपूर होते हैं। इसके अलावा शतभिषा नक्षत्र का प्रतीक चिन्ह खाली वृत्त या गोलाकार आकृति को माना जाता है। जबकि पेड़-पौधों में इसका संबंध कदंब के पेड़ से बताया गया है। लिहाजा जिन लोगों का जन्म शतभिषा नक्षत्र में हुआ है, उन लोगों को कदंब के पेड़ की उपासना करनी चाहिए। अगर आपको कदंब का पेड़ न मिले तो अपने मन में ही हरे भरे कदंब की आकृति का ध्यान करें। साथ ही कदंब के पेड़, उसकी लकड़ी या उससे जुड़ी किसी भी अन्य चीज को नुकसान नहीं पहुंचाना चाहिए। ऐसा करने से जीवन में आपकी तरक्की सुनिश्चित होगी।
मालूम हो कि शतभिषा एक पंचक नक्षत्र है। धनिष्ठा से लेकर रेवती तक के पांच नक्षत्रों को पंचक नक्षत्र कहा जाता है। पंचक की क्षेणी में शतभिषा दूसरा पंचक है, इसलिए आज पंचक है । पंचक के दौरान घर में लकड़ी का कार्य घर में नहीं कराना चाहिए और ना ही लकड़ी इकट्ठी करनी चाहिए। अगर आप यह कार्य इस समय करेंगे तो यह अच्छा नहीं माना जाता। अतः 29 दिसंबर की सुबह 7 बजकर 41 मिनट तक आपको इन सब बातों का ध्यान रखना चाहिए। तो चलिए अब आचार्य इंदु प्रकाश से जानते हैं आज किए जाने वाले विशेष उपायों के बारे में, जिन्हें कर आप जीवन में चल रही समस्त समस्याओं का समाधान निकाल सकते हैं।
- अगर अपने दांपत्य संबंधों में मधुरता भरना चाहते हैं तो उसके लिए आज संभव हो तो कहीं से हाथी के पैर के नीचे की मिट्टी या यूं कहें कि जिस स्थान पर हाथी चला हो, उस स्थान की थोड़ी-सी मिट्टी लाकर घर में रखें। लेकिन अगर आपके लिए ऐसा करना संभव न हो तो आज बाजार से मिट्टी या किसी धातु से बनी हाथी की मूर्ति खरीद कर लाएं और उसे अपने बेडरूम में किसी टेबल आदि पर या किसी शोकेस में रख लें।
- अगर आप किसी मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी करना चाहते हैं या फिर अपने ही देश में रहकर किसी विदेशी कम्पनी के लिए पार्ट टाइम जॉब करना चाहते हैं तो आज शतभिषा नक्षत्र में एक चन्दन की गोली लें और उस गोली को मंदिर में स्थापित करें। अब उस चन्दन की गोली की विधि-पूर्वक पूजा करें। इसके बाद आपको राहु स्तुति का पाठ करना है। राहु स्तुति इस प्रकार है- अर्धकायं महावीर्यं चन्द्रादित्य विमर्दनम् । सिहिंका गर्भ सम्भूतं तं राहुं प्रणमाम्यहम ।। इस प्रकार राहु स्तुति का पाठ करने के बाद उस चन्दन की गोली को वहां से उठा लें और एक सफेद रंग के धागे में पिरोकर अपने गले में पहन लें।
- अगर आपको लगता है कि आपके आस-पास शत्रुओं की संख्या दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है और आप खुद को हर वक्त घिरा हुआ सा महसूस करते हैं तो आज सवा किलो जौ या गेहूं के दाने लीजिये।अब घर की दक्षिण-पश्चिम दिशा के कोने में किसी भारी बोझ के नीचे उन जौ या गेहूं के दानों को अच्छे से दबाकर रख दीजिये और उन्हें अगली बार शतभिषा नक्षत्र आने तक ऐसे ही रखा रहने दीजिये। जब अगली बार शतभिषा नक्षत्र आये तो उन जौ या गेहूं के दानों को वहां से निकालकर किसी धर्मस्थल या मंदिर में दान कर दें।आपको यहां बता दें कि अगली बार शतभिषा नक्षत्र 22 जनवरी को पड़ रहा है।
- अगर आप अपने बच्चों के कार्यों की सफलता सुनिश्चित करना चाहते हैं तो उसके लिए आज थोड़ी-सी मसूर की दाल लें और साथ ही एक रूपये का सिक्का लें। अब मसूर की दाल को सिक्के समेत एक सफेद रंग के कपड़े में बांध दें और उसको अपने बच्चे के हाथ से स्पर्श कराएं।इस प्रकार बच्चे के हाथ से उस पोटली को स्पर्श कराने के बाद उसे किसी सफाई कर्मचारी को गिफ्ट कर दें।
- अगर आप करियर में अपनी दिन-दुगनी, रात-चौगनी तरक्की होते देखना चाहते हैं तो आज आपको कदंब के पेड़ की उपासना करनी चाहिए। उसके आगे हाथ जोड़कर प्रणाम करना चाहिए। साथ ही आज अगर आप किसी खाली वृत्त या किसी गोलाकार आकृति का दर्शन करेंगे तो दिन बहुत ही अच्छा बितेगा।
- अगर आपको बिजनेस में उचित मुनाफा नहीं मिल पा रहा है तो बिजनेस में मुनाफा कमाने के लिए आज अपना भार कराएं और उसका दसवां हिस्सा निकालें। मान लीजिये आपका वजन 50 किलो है तो उसका दस परसेन्ट हुआ 5 किलो। इस प्रकार वजन का दसवां हिस्सा निकालने के बाद उस हिस्से के बराबर कच्चा कोयला लें और उसे बहते जल में प्रवाहित कर दें।
- अगर आपके परिवार की खुशियां कहीं गुम हो गई हैं, तो उन खुशियों को फिर से अपने परिवार के लोगों की जिन्दगी में बिखेरने के लिए आज एक सफेद चन्दन को घिसकर उसका पेस्ट बनाएं और उस चन्दन के पेस्ट से परिवार के सब लोगों
के माथे पर चन्दन का टीका लगाएं।
- अगर आप अपने वर्तमान हेल्थ स्टेटस को बेहतर करना चाहते हैं या आपको पेट आदि से संबंधित कोई परेशानी है तो उससे छुटकारा पाने के लिए आज आपको अपने भार के बराबर जौ या गेहूं तुलवाना चाहिए। अब उसमें से थोड़े-से जौ या गेहूं अलग निकालने चाहिए और उन्हें बहते जल में प्रवाहित करना चाहिए। बाकी बचे जौ या गेहूं को किसी मंदिर या धर्मस्थल पर दान कर दें। इसके अलावा आज आपको घर की रसोई में या घर में जहां पर भी खाना बनता है, वहां बैठकर भोजन करना चाहिए।
- अगर आप नौकरी में अपना मनचाहा प्रमोशन कराना चाहते हैं या किसी अच्छी कम्पनी में नौकरी करना चाहते हैं तो आज बाजार से सिंघाड़े का आटा लेकर आएं और घर लाकर उसकी रोटियां बनाएं। जब रोटियां बन जाये तो उन पर दो मूली रखकर मंदिर या किसी धर्मस्थल पर दान कर दें। अगर आप स्वयं रोटियां न बना सके, तो घर में किसी और से बनवा लें, लेकिन मंदिर या धर्मस्थल पर देने के लिए आपको स्वयं जाना चाहिए।
- अगर आप किसी मुसीबत में फंसे हुए हैं और आपको उससे बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं सूझ रहा है तो आज आटे का एक चौमुखा दिया बनाएं और उसमें सरसों का तेल भरिये। अब उसमें एक पड़ी हुई बत्ती लगाएं और अपने घर के आंगन में उस दीपक को जलाइए। साथ ही वहीं पर आसन बिछाकर बैठ जायें और राहु के मंत्र का 11 बार जप करें। मंत्र इस प्रकार है- ॐ भ्रां भ्रीं भ्रौं स: राहवे नम:।
- अगर आप कुछ समय से मानसिक रूप से परेशान चल रहे हैं या किसी बात को लेकर आपको डिप्रेशन है तो ऐसी स्थिति से बाहर निकलने के लिए आज स्नान आदि के बाद सबसे पहले अपने ईष्ट देव को प्रणाम करें। उसके बाद चन्दन की
खुशबू वाली एक धूपबत्ती अपने घर के मंदिर में जलाएं और कुछ देर हाथ जोड़कर वहीं पर खड़े रहें।
- अगर आप अपनी आर्थिक स्थिति को लेकर कुछ दिनों से परेशान चल रहे हैं तो इस समस्या का समाधान निकालने के लिए आज घर के सब सदस्यों को एक-एक कच्चा नारियल दें और 10 मिनट बाद उनसे वो नारियल वापस ले लें। अब उन सारे नारियल को अपनी आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए प्रार्थना करते हुए किसी बहते जल के स्त्रोत में प्रवाहित कर दें।
(आचार्य इंदु प्रकाश देश के जाने-माने ज्योतिषी हैं, जिन्हें वास्तु, सामुद्रिक शास्त्र और ज्योतिष शास्त्र का लंबा अनुभव है। इंडिया टीवी पर आप इन्हें हर सुबह 7.30 बजे भविष्यवाणी में देखते हैं।)
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