नयी दिल्ली: धोनी, रोहित शर्मा और विराट कोहली वो स्टार खिलाड़ी हैं जिनकी मैदान में मौजूदगी टीम की जीत की गारंटी मानी जाती है। ये कारनाम इन्होंने एक बार नहीं अनेकों बार किया है। ये तीनों अपनी अपनी आईपीएल टीम के कप्तान भी हैं लेकिन न जाने क्यों इन तीनों का मिडास टस कहां ग़ायब हो गया। IPL-9 के पहले हफ्ते पर नज़र डालें तो साफ़ नज़र आता है कि ये तीनो अपनी टीमों के लिए बेस्ट कॉंबिनेशन अभी तक नहीं तलाश पाए है और ज़ाहिर है नतीजन टीम और कप्तानी दोनों ही फ़्लॉप हो रही हैं।
मौजूदा भारतीय क्रिकेट इन तीनों खिलाड़ियों के इर्दगिर्द घूमता है लेकिन पिछले सात दिनों में इन तीनों खिलाड़ियों का बतौर कप्तान इम्पैक्ट नदारद रहा है...
धोनी का बल्ला हो गया बेज़ुबान

भारत के सबसे सफल कप्तान महेंद्र सिंह धोनी नई नवेली टीम पुणे supergiants के भी कप्तान हैं लेकिन धमाकेदार शुरुआत के बाद धोनी की कप्तानी में ये टीम तीन में से दो मैच गंवा चुकी है और अंक तालिका में पांचवें नंबर पर लुढ़क गई है....
धोनी के लिए मुश्किल ये है कि उनका बल्ला वो बोली नहीं बोल रहा है जिसके लिए वह जाना जाता है। तीन में से धोनी को दो मैचों में बल्लेबाज़ी करने का मौक़ा मिला। पहले मैच में उनकी बारी नहीं आई थी। गुजरात के ख़िलाफ़ दूसरे मैच में उन्होंने नाबाद 22 रन बनाए लेकिन उनका चेला (सुरेश रैना) बाज़ी मार ले गया जो गुजरात का कप्तान भी है। पंजाब के ख़िलाफ़ भी धोनी कुछ नहीं कर सके और एक रन बनाकर आउट हो गए। ये मैच भी पुणे ने गंवाया। इस तरह से धोनी 3 मैच में सिर्फ 23 रन बनाए है।
ऐसा नहीं कि धोनी की नयी टीम में मैच जिताऊ खिलाड़ी नहीं हैं। उनके पास बल्लेबाज़ी में डूप्लेसिस, केविन पीटरसन स्टीवन स्मिथ रहाणे जैसे लोग हैं जो अपनी दम पर मैच जिताने का दम रखते हैं। बॉलिंग में भी ईशांत शर्मा और एल्बी मॉर्कल जैसे कसौटी पर ख़रे उतरने वाले लोग हैं लेकिन हार है कि धोनी का पीछा छोड़ के नहीं दे रही है।