कराची: पाकिस्तान के पूर्व लेग स्पिनर अब्दुल कादिर का मानना है कि काकुल स्थित सैन्य अकादमी में बूट कैंप लगाने के पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के फैसले से इंग्लैंड दौरे पर राष्ट्रीय टीम के प्रदर्शन में कोई सुधार नहीं आने वाला है। कादिर ने मिकी आर्थर को मुख्य कोच बनाने के लिये भी पीसीबी की आलोचना की । आर्थर ने टीम का प्रभार तुरंत संभालने में असमर्थता जताई है।
कादिर ने कहा कि बूट कैंप का क्या मकसद है। यह खिलाडि़यों की फिटनेस बेहतर बनाने के लिये आयोजित किया गया है लेकिन इंग्लैंड दौरे के लिये सबसे जरूरी बल्लेबाजी और कौशल में सुधार है। उन्होंने कहा कि इससे बेहतर तो यह होता है कि लाहौर में चार या पांच सीमिंग पिचें बनाकर संभावित खिलाडि़यों के बीच चार दिवसीय मैच आयोजित किये जाते। उन्होंने कहा कि इंग्लैंड जैसी पिचों पर मैच खेलने से हमारे खिलाडि़यों को तैयारी में ज्यादा मदद मिलती।
कादिर उस समय मुख्य चयनकर्ता थे जब पाकिस्तान ने 2009 में इंग्लैंड में टी20 विश्व कप जीता था । उन्होंने कहा कि टीम की असल समस्या कमजोर बल्लेबाजी है । उन्होंने कहा , मुझे समझ में नहीं आता कि इस बूट कैंप का क्या मतलब है और फिटनेस पर इतना जोर क्यो है । प्राथमिकतायें तय करना जरूरी है ।