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क्रिसमस से पहले अमेरिका में पड़ी कड़कड़ाती ठंड, -45 डिग्री सेल्सियस गिरा पारा; लोग घरों में हुए कैद

 Published : Dec 24, 2022 01:33 pm IST,  Updated : Dec 24, 2022 01:43 pm IST

America winter storms- अमेरिका में अब कोरोना वायरस के साथ-साथ ठंड ने भी अपना कहर बरपाना शुरू कर दिया है। क्रिसमस से पहले भारी हिमपात और जमा देने वाले तापमान के कारण लोगों की परेशानी बढ़ गई है।

अमेरिका के इतिहास में पहली बार गिरा -45 डिग्री सेल्सियस पारा- India TV Hindi
अमेरिका के इतिहास में पहली बार गिरा -45 डिग्री सेल्सियस पारा Image Source : AP

साल खत्म होते-होते अमेरिका में ठंड इतनी बढ़ गई है लोगों का घरों से निकलना दूभर हो गया है। अमेरिका में इन दिनों ठंड इतनी बढ़ गई है कि न्यूयार्क में इंमरजेंसी घोषित कर दी है। अमेरिका में करीब 1 मिलियन लोग इन दिनों शीत लहर की चपेट में है। कड़कड़ाती ठंड के कारण लोग अपने घरों में दुबके हुए हैं। बिजली व्यवस्था पूरी तरह ठप हो गई है। अमेरिका के इतिहास में पहली इतनी ठंड हुई है। इस बीच एक बम साइक्लोन की बड़े जोर-शोर से चर्चा हो रही है। लोग इसके बारे में जानने को बेताब हैं। आइए हम आपको बताते हैं। 

-45 डिग्री सेल्सियस तक गिरा पारा

संयुक्त राज्य अमेरिका के वेस्टर्न राज्य मोंटाना में शुक्रवार को पारा -45 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। चक्रवाती तूफान के कारण मध्य राज्यों के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। खबरों के मुताबिक, आयोवा, डेस मोइनेस, जैसी जगहों का तापमान -38 डिग्री सेल्सियस है। संयुक्त राज्य अमेरिका में 181 मिलियन से अधिक लोग विंड चिल अलर्ट और 11 मिलियन लोग बर्फानी तूफान की चेतावनी से प्रभावित हैं।

संयुक्त राज्य अमेरिका में 1 मिलियन से ज्यादा रहवासी ब्लैकआउट और बिजली व्यवस्था ठप हो जाने से कई प्रकार की कठिनाईयों का सामना कर रहे हैं। करीब 1.4 मिलियन से ज्यादा लोगों के घरों की पानी व लाइट की सप्लाई प्रभावित हो गई है। खबरों के मुताबिक, 3,000 से ज्यादा उड़ानें रद्द कर दी गई है।

राष्ट्रपति जो बिडेन ने लोगों को दी चेतावनी

अमेरिका के राष्ट्रपति जो बिडेन ने लोगों को तूफान को लेकर चेताया है। राष्ट्रपति जो ने संघीय अधिकारियों से एक ब्रीफिंग के दौरान कहा कि "ये दिन उन दिनों की तरह नहीं है जब आप एक बच्चे थे, यह बेहद गंभीर बात है। इसे लेकर सतर्क रहें।"

कितना खतरनाक है बम साइक्लोन?

बम साइक्लोन एक भयानक तूफान को दिया गया नाम है, जिसमें तूफान के केंद्र में हवा का दबाव 24 घंटे में कम से कम 24 मिलीबार तक गिर सकता है और यह तेजी से बढ़ता है। बम साइक्लोन की वजह से इलाके में भारी बर्फ गिरती है और तेज हवाएं चलती हैं। बता दें कि यह तूफान आमतौर पर सर्दियों के मौसम में आता है।

साइक्लोन से 13 लोगों की मौत

स्काई न्यूज के अनुसार, शुक्रवार को साइक्लोन के कारण मरने वालों की संख्या बढ़कर 13 हो गई। इससे पहले मौसम संबंधी घटनाओं में 9 लोगों की मौत हुई। ठंड को देखते हुए न्यूयॉर्क के गवर्नर ने इमरजेंसी घोषित कर दिया है। उन्होंने कहा कि तूफान के कारण राज्य में तापमान काफी गिर गया है। न्यूयॉर्क के गवर्नर कैथी होचुल ने कहा, "हम बाढ़ और बर्फ दोनों का सामना कर रहे हैं। जमा देने वाला तापमान है। राज्य के कुछ हिस्सों में बारिश भी हो रही है, जिसकी वजह से तापमान में और तेजी से गिरावट दर्ज हो रही है। यह स्थिति बहुत भयावह है।

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