पीएम मोदी का अहमदाबाद में 30 किमी लंबा रोड शो, मतदाताओं से कांग्रेस को सबक सिखाने की अपील

रोड शो के दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने रास्ते के दोनों ओर खड़े होकर प्रधानमंत्री का अभिवादन किया। रोड शो से पहले अपनी रैलियों में पीएम मोदी ने कांग्रेस की ‘रावण’ वाली टिप्पणी के लिए मतदाताओं से पार्टी को विधानसभा चुनाव में सबक सिखाने का आह्वान किया।

Niraj Kumar Edited By: Niraj Kumar
Updated on: December 01, 2022 23:51 IST
अहमदाबाद में पीएम मोदी का रोड शो- India TV Hindi
Image Source : पीटीआई अहमदाबाद में पीएम मोदी का रोड शो

अहमदाबाद:  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बृहस्पतिवार को अपने गृह राज्य गुजरात के तूफानी दौरे के दौरान अहमदाबाद में 30 किलोमीटर से अधिक लंबे रोड शो में हिस्सा लिया और तीन रैलियों को संबोधित करते हुए कांग्रेस की ‘रावण’ वाली टिप्पणी के लिए मतदाताओं से पार्टी को विधानसभा चुनाव में सबक सिखाने का आह्वान किया। शाम करीब 5.20 बजे शुरू हुए रोड शो के दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने रास्ते के दोनों ओर खड़े होकर प्रधानमंत्री का अभिवादन किया। विशेष रूप से डिजाइन किए गए वाहन में खड़े होकर प्रधानमंत्री ने भीड़ का हाथ हिलाकर अभिवादन किया।

‘आलाकमान’ के आदेशों के चलते खड़गे को मजबूर होना पड़ा-मोदी

पंचमहल जिले के कलोल में एक चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि वह कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का सम्मान करते हैं, लेकिन विपक्षी दल के ‘आलाकमान’ के आदेशों के चलते खड़गे को इस तरह की टिप्पणी करने के लिए मजबूर होना पड़ा। खड़गे ने सोमवार को अहमदाबाद शहर में आयोजित एक रैली में कहा था कि प्रधानमंत्री सभी चुनावों में लोगों से ‘उनका चेहरा देखकर वोट करने’ के लिए कहते हैं। उन्होंने पूछा था, “क्या आप रावण की तरह 100 सिर वाले हैं।” 

गुजरात राम भक्तों का प्रदेश-मोदी

बृहस्पतिवार को मोदी ने कहा, “मैं खड़गे  जी का सम्मान करता हूं, लेकिन उन्हें पार्टी आलाकमान के आदेशों का पालन करना होता है। उन्हें यह कहने के लिए मजबूत किया गया कि मोदी के रावण जैसे 100 सिर हैं।” उन्होंने कहा, “लेकिन कांग्रेस इस बात से अनभिज्ञ है कि गुजरात राम भक्तों का प्रदेश है। जिन लोगों ने भगवान राम के अस्तित्व पर कभी यकीन नहीं किया, वे सिर्फ मुझे गाली देने के लिए रामायण के ‘रावण’ को लेकर आए हैं। कांग्रेस के नेताओं को लगता है कि मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल और देश के प्रधानमंत्री का अपमान करना उनका अधिकार है।” 

 जितना कीचड़ उछालोगे, कमल उतना ही खिलेगा-मोदी

प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस नेता इस तरह के अपमानजनक शब्दों के इस्तेमाल के लिए कभी माफी नहीं मांगते हैं, अलबत्ता वे देश के प्रधानमंत्री के लिए अभद्र भाषा का इस्तेमाल करना अपना अधिकार समझते हैं। गांधी परिवार की तरफ इशारा करते हुए मोदी ने कहा, “उनके लिए परिवार ही सब कुछ है। परिवार को खुश करने के लिए वे कुछ भी करेंगे। कांग्रेस के नेताओं में होड़ मची है कि कौन मोदी के खिलाफ सबसे भद्दी गाली देगा और कौन सबसे अधिक जहर उगलेगा।” उन्होंने कहा, “ऐसे लोगों को सबक सिखाने का एक ही तरीका है। पांच दिसंबर को होने वाले चुनाव में कमल का बटन दबाकर आप भाजपा को वोट दीजिए। और मैं कांग्रेस के लोगों से कहना चाहता हूं कि आप जितना कीचड़ उछालोगे, कमल उतना ही खिलेगा।” 

कांग्रेस ने सिर्फ नारे लगाए, वादे किए और लोगों को गुमराह किया-मोदी

छोटा उदेपुर जिले के बोदेली कस्बे में आयोजित एक रैली में प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस के ‘गरीबी हटाओ’ नारे के बावजूद उसके शासन में वास्तव में गरीबी बढ़ी। उन्होंने कहा, “दशकों से, कांग्रेस केवल एक ही बात कह रही है-गरीबी हटाओ उन्होंने सिर्फ नारे लगाए, वादे किए और लोगों को गुमराह किया। यही कारण था कि कांग्रेस के शासन के दौरान वास्तव में गरीबी बढ़ी।” मोदी ने कहा कि कांग्रेस नीत सरकारों द्वारा गरीबों, आदिवासियों और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के समुदायों को शिक्षा, स्वास्थ्य और औद्योगिक क्षेत्र में प्राथमिकता नहीं दी गई। उन्होंने दावा किया कि विपक्षी दल ने एक आदिवासी महिला के देश की राष्ट्रपति बनने का समर्थन भी नहीं किया और यही कारण है कि उसने इस साल हुए राष्ट्रपति चुनाव में द्रौपदी मुर्मू के खिलाफ उम्मीदवार खड़ा किया। 

आजादी के बाद की गई ‘गलती’ को नहीं दोहराने का आग्रह 

साबरकांठा जिले के हिम्मतनगर कस्बे में अपनी आखिरी रैली में मोदी ने लोगों से आजादी के बाद की गई ‘गलती’ को नहीं दोहराने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, “यह चुनाव सिर्फ पांच साल के लिए यहां सरकार बनाने के लिए नहीं है। देश की आजादी के 75 साल पूरे हो गए हैं। आपको यह ध्यान रखना चाहिए कि आज से 25 साल बाद भारत कहां होगा। यह चुनाव एक ऐसी सरकार बनाने के लिए है, जो अगले 25 वर्षों के लिए देश की नींव को मजबूत करेगी।” प्रधानमंत्री ने कहा, “हर कोई कहता है कि भारत एक अलग दिशा में आगे बढ़ रहा होता, अगर सरदार पटेल देश के पहले प्रधानमंत्री होते। हमने सुधार की प्रक्रिया शुरू कर दी है और इतनी मेहनत से देश को सही दिशा में ले गए हैं। इसलिए, हम वही गलती नहीं कर सकते, जो भारत की स्वतंत्रता के समय की गई थी।” 

इनपुट-भाषा

India TV पर हिंदी में ब्रेकिंग न्यूज़ Hindi News देश-विदेश की ताजा खबर, लाइव न्यूज अपडेट और स्‍पेशल स्‍टोरी पढ़ें और अपने आप को रखें अप-टू-डेट। News News in Hindi के लिए क्लिक करें इलेक्‍शन सेक्‍शन