आज से कुछ समय पहले भारत के फील्डिंग पक्ष को बेहद की कमजोर माना जाता था, लेकिन जब से भारतीय खिलाड़ियों ने अपनी फिटनेस पर ध्यान देना शुरू किया है तब से फील्डिंग के स्तर में भी इजाफा हुआ है। अपनी टीम को जिताने के लिए खिलाड़ी आज फील्डिंग में पूरी जी-जान लगा देते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कुछ भारतीय खिलाड़ी ऐसे भी हैं जो अतीत में विपक्षी टीम के लिए भी खेले हैं। जी हां, आइए जानते हैं इन खिलाड़ियों के बारे में-
सचिन तेंदुलकर
20 जनवरी 1987 को क्रिकेट क्लब ऑफ इंडिया (सीसीआई) के 50 साल पूरे होने पर भारत और पाकिस्तान के बीच एक प्रदर्शनी मैच खेला गया था। इस मैच में भारतीय बल्लेबाजी के दौरान जब जावेद मियांदाद और अब्दुल कादिर लंच के लिए फील्ड से बाहर गए थे तो सचिन ने पाकिस्तान के लिए फील्डिंग की थी। ऐसा इस वजह से हुआ क्योंकि पाकिस्तान के पास कोई सब्सटीट्यूट फील्डर नहीं था। सचिन उस समय महज 14 साल के थे।
राहुल द्रविड़
2003 वर्ल्ड कप में टीम इंडिया के शानदार प्रदर्शन के बाद भारत को थोड़े समय तक कोई मैच नहीं खेलना था। इस दौरान भारत के तत्कालीन कोच जॉन राइट ने द्रविड़ को काउंटी सर्किट में स्कॉटलैंड की टीम से खेलने का प्रस्ताव दिया। द्रविड़ ने इस प्रस्ताव को स्वीकार कर स्कॉटलैंड के लिए कुल 11 मैच खेले थे।
मंदीप सिंह
2015 में साउथ अफ्रीका ए के लिए मंदीप सिंह ने उस समय फील्डिंग की थी जब मेहमान टीम के चार खिलाड़ी पेट दर्द और क्विंटन डिकॉक चोट के कारण मैदान पर नहीं उतरे थे। मंदीप ने इस मैच में भारत के 12वें खिलाड़ी थे। मंदीप ने साउथ अफ्रीका के लिए उन्हीं की जर्सी पहनकर फील्डिंग की थी।
संपादक की पसंद
लेटेस्ट न्यूज़