देश का सबसे लंबा गंगा एक्सप्रेसवे फरवरी के दूसरे सप्ताह में आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा। करीब 594 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेसवे मेरठ से प्रयागराज तक तैयार हो चुका है। इसके शुरू होने से पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के बीच यात्रा न केवल तेज होगी, बल्कि काफी सुगम भी हो जाएगी। बता दें, अगर आप कार जीप और अन्य छोटे वाहनों से मेरठ से प्रयागराज के सफर पर जाएंगे तो आपको 1515 रुपये का टोल चुकाना होगा। गंगा एक्सप्रेसवे पर कार और हल्के वाहनों के लिए अनुमानित टोल दर 2.55 रुपये प्रति किलोमीटर तय की गई है। इस हिसाब से मेरठ से प्रयागराज तक कार से यात्रा करने पर करीब 1515 रुपये टोल बनता है।
अनुमानित टोल दरें (प्रति किमी)
कार और हल्के वाहन: 2.55 रुपये
हल्के वाणिज्यिक वाहन: 4.05 रुपये
बस और ट्रक: 8.15 रुपये
भारी निर्माण वाहन: 12.55 रुपये
ओवरसाइज वाहन: 16.05 रुपये
एकतरफा पास की विशेष दरें
कार / वैन: लगभग 145 रुपये
बस / ट्रक: लगभग 455 रुपये
टोल प्लाजा पर अत्याधुनिक सिस्टम
जागरण की खबर के मुताबिक, एक्सप्रेसवे के टोल प्लाजा पर अत्याधुनिक कैमरे और हाईटेक सर्विस सिस्टम लगाए गए हैं। प्रारंभिक परीक्षण के दौरान देखा गया कि फास्टैग स्कैन होते ही टोल बूम 1 से 1.5 सेकंड में खुल गया। कई वाहन बिना ब्रेक लगाए टोल प्लाजा से गुजरते नजर आए। इंजीनियरों का प्रयास है कि टोल बूथ पर वाहन चालकों को रुकने या ब्रेक लगाने की जरूरत न पड़े, जिससे यात्रा और अधिक सुगम हो सके। गंगा एक्सप्रेसवे के शुरू होने से उत्तर प्रदेश के कई जिलों को सीधा लाभ मिलेगा और मेरठ से प्रयागराज की दूरी कम समय में तय की जा सकेगी।
12 जिले से होकर गुजरा है एक्सप्रेसवे
गंगा एक्सप्रेसवे पश्चिमी यूपी में मेरठ को पूर्वी यूपी में प्रयागराज (इलाहाबाद) से जोड़ेगा , इसके मार्ग में 12 जिले- मेरठ, हापुड, बुलन्दशहर, अमरोहा, संभल, बदांयू, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज शामिल हैं। पीएम मोदी ने ही 18 दिसंबर 2021 को इस एक्सप्रेसवे की नींव रखी थी। गंगा एक्सप्रेसवे पर अधिकतम गति 120 किलोमीटर प्रति घंटे की होगी। ये एक्सप्रेसवे मेरठ के बिजौली गांव से शुरू होकर प्रयागराज जुदापुर दांडू गांव तक है।






































