Gujarat News: गुजरात ATS का बड़ा एक्शन, वडोदरा की फैक्ट्री से 225 किलो MD ड्रग्स जब्त, कीमत जान चौंक जाएंगे आप

Gujarat News: गुजरात एटीएस के मुताबिक 2 दिन पहले सूरत क्राइम ब्रांच को इस मामले में सूचना मिली थी दिनेश जामनगर और महेश धोराजी नाम के दो शख्स वड़ोदरा और आनद के बिच ड्रग्स की खरीद-फरोख्त कर रहे हैं। साथ-साथ यह भी पता चला कि इन दोनों ने ड्रग्स के इस नशे के कारोबार के लिए बकायदा फैक्ट्री भी रखी हुई है।

Written By : Nirnay Kapoor Edited By : Khushbu Rawal Updated on: August 17, 2022 16:08 IST
Drugs Recovered- India TV Hindi News
Image Source : TWITTER Drugs Recovered

Highlights

  • ववडोदरा की केमिकल फैक्ट्री में बनाई जा रही थी नशे की खेप
  • ड्रग्स के जखीरे को महाराष्ट्र और राजस्थान किया जाना था सप्लाई
  • मुखबिर की सूचना के बाद गुजरात ATS ने फैक्ट्री पर छापा मारा

Gujarat News: गुजरात ATS ने वडोदरा जिले के सावली तहसील के एक गांव में केमिकल फैक्ट्री में छापा मारा। इस दौरान केमिकल की आड़ में MD जैसी तैयार की ड्रग्स जब्त की गई। जब्त की गई 225 किलो MD की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में 1000 करोड़ रुपये से भी ज्यादा है। बता दें कि मुखबिर की सूचना के बाद ATS ने यहां छापा मारा। ये नशे की खेप 6 महीने पहले तैयार की गई थी जिन्हें कुछ देशों में सप्लाई का भी अंदेशा जताया गया है। ड्रग्स बनाने के धंधे को उजागर करने के बाद अब इसके पूरे नेटवर्क का पता लगाने की कोशिश तेज की गई है।

केमिकल की आड़ में तैयार की जा रही थी MD जैसी ड्रग्स

गुजरात एटीएस के मुताबिक 2 दिन पहले सूरत क्राइम ब्रांच को इस मामले में सूचना मिली थी दिनेश जामनगर और महेश धोराजी नाम के दो शख्स वड़ोदरा और आनद के बिच ड्रग्स की खरीद-फरोख्त कर रहे हैं। साथ-साथ यह भी पता चला कि इन दोनों ने ड्रग्स के इस नशे के कारोबार के लिए बकायदा फैक्ट्री भी रखी हुई है। इस जानकारी के आधार पर सबसे पहले महेश धोराजी को सूरत से गिरफ्तार किया गया और उसकी निशानदेही पर वड़ोदरा के पीयूष पटेल को गिरफ्तार किया गया। दोनों से पूछताछ में वड़ोदरा के सावली इलाके में एक फैक्ट्री का खुलासा हुआ। पुलिस दोनों को लेकर जब फैक्ट्री पहुंची तो वहां एमडी ड्रग्स की एक बड़ी खेप पुलिस के हाथ लगी।

कहने को तो सावली की इस कंपनी में कंस्ट्रक्शन काम और मशीनों का इंस्टॉलेशन चल रहा था लेकिन नशे का कारोबार करने वाले इन दोनों आरोपियों ने इसे ड्रग्स का गोडाउन बना रखा था। गुजरात एटीएस ने यहां से 225 किलो MD ड्रग्स बरामद की है।

ड्रग्स के जखीरे को महाराष्ट्र और राजस्थान किया जाना था सप्लाई
इस छापेमारी के बाद जब महेश की पूछताछ की गई तो दिनेश और सोमनाथ के राकेश माकिया का नाम सामने आया। राकेश के बारे में जब छानबीन की गई तो पता चला कि राकेश केमिकल इंजीनियर है और इसने भरूच और अंकलेश्वर की कई केमिकल कंपनियों में नौकरी भी की थी। इन चारों की एक मीटिंग में एमडी ड्रग्स बनाने का खाका तैयार हुआ। राकेश ने एमडी ड्रग्स बनाने का पूरा फॉर्मूला और प्लान बाकियों को बताया जिसके बाद महेश ने ड्रग्स के लिए जरूरी सारा कच्चा माल मार्केट से उठाया और राकेश को दिया जिसके बाद राकेश ने अपने पार्टनर विजय के साथ मिलकर फैक्ट्री में ड्रग्स बनाने का प्रोसेस पूरा किया।

ड्रग्स बनने के बाद में इस ड्रग्स को महाराष्ट्र में बेचने का जिम्मा दिनेश, बाबा और बाबा इब्राहिम को सौंपा गया वहीं, एक अन्य शख्स को राजस्थान का जिम्मा सौंपा गया। ड्रग्स इस काले कारोबार में गिरफ्तार महेश धोराजी इससे पहले भी कस्टम के एक केस में 7 साल की जेल काट चुका है वहीं, 12 साल पहले दिनेश डीआरआई के एक केस में ड्रग्स के एक बहुत बड़ी खेप के साथ पकड़ा गया था।

navratri-2022