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नॉर्थ कोरिया में मिला कोरोना का पहला संदिग्ध, किम जोंग उन ने सीमा से सटे शहरों में लगाई इमर्जेंसी

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Jul 26, 2020 08:40 am IST,  Updated : Jul 26, 2020 09:05 am IST

पूरी दुनिया इस समय कोरोना के कहर से जूझ रही है। लेकिन अभी तक इस घातक वायरस से अछूते रहे उत्तर कोरिया में कोरोना वायरस का पहला मामला सामने आया है।

North Korea- India TV Hindi
North Korea Image Source : AP

पूरी दुनिया इस समय कोरोना के कहर से जूझ रही है। लेकिन अभी तक इस घातक वायरस से अछूते रहे उत्तर कोरिया में कोरोना वायरस का पहला मामला सामने आया है। फिलहाल यह व्यक्ति कोरोना वायरस का संदिग्ध बताया जा रहा है। हालांकि सतर्कता बरतते हुए नॉर्थ कोरिया के प्रशासन ने सीमा से सटे इलाकों में लॉकडाउन की घोषणा कर दी है। उत्तर कोरिया की सरकारी न्‍यूज एजेंसी केसीएनए के मुताबिक, इसी महीने अवैध रूप से बॉर्डर पार कर दक्षिण कोरिया से आए एक शख्‍स में कोविड-19 के लक्षण मिले हैं। यह जानकारी आते ही किम जोंग उन ने पोलित ब्‍यूरो की इमर्जेंसी मीटिंग बुलाई। फिर आपातकाल की घोषणा कर दी और केसांग शहर में लॉकडाउन कर दिया गया है। 

समाचार एजेंसी केसीएनए के अनुसार, जिस शख्‍स के कोविड-19 पॉजिटिव होने का शक है, वह तीन साल पहले दक्षिण कोरिया भाग गया था। बताया जा रहा है कि अभी तक उत्तर कोरिया में कोरोना का एक भी मामला सामने नहीं आया है। अगर यह शख्स कोरोना से पॉजिटिव निकलता है तो उत्‍तर कोरिया की तरफ से पहली बार देश में कोरोना वायरस की मौजूदगी कबूली जाएगी। नॉर्थ कोरिया अब तक यही कहता आया है कि उसके यहां कोविड-19 महामारी का एक भी मामला नहीं है।

केसीएनए ने एक बयान में कहा, "केसांग शहर में एक आपातकालीन घटना हुई। एक भगोड़ा जो तीन साल पहले दक्षिण कोरिया चला गया था और जिसके खतरनाक वायरस से ग्रस्‍त होने का शक है, अवैध रूप से बॉर्डर पार कर 19 जुलाई को लौट आया है।" एजेंसी ने यह नहीं बताया कि उस शख्‍स का टेस्‍ट हुआ है या नहीं मगर यह कहा क‍ि 'कई मेडिकल चेकअप्‍स से एक अनिश्चित नतीजे' तक पहुंचा गया है। अधिकारियों ने शख्‍स को क्‍वारंटीन कर उसके कॉन्‍ट्रैक्‍ट्स को खोजना शुरू कर दिया है।

बहरहाल केसोंग में लगाया गया लॉकडाउन देश में पहला ऐसा कदम है जो इस संक्रमण को रोकने के लिए उठाया गया है। विदेशी विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तर कोरिया में कोरोना वायरस फैलने के गंभीर नतीजे हो सकते हैं, क्योंकि उसकी स्वास्थ्य व्यवस्था बहुत जर्जर है और उसके पास चिकित्सा सामान का अभाव है। करीब 2,00,000 लोगों की आबादी वाला केसोंग शहर दक्षिण कोरिया के साथ लगती सीमा के उत्तर में स्थित है। केसीएनए के अनुसार शनिवार को पोलितब्यूरो की आपात बैठक में किम ने केसोंग इलाके में आपात स्थिति की घोषणा भी की। उसने किम के हवाले से कहा, ‘‘ यह एक गंभीर स्थिति है, जिसमें क्रूर वायरस के देश में प्रवेश करने की आशंका है।’’

एजेंसी ने बताया कि किम ने कहा कि उन्होंने ‘‘24 जुलाई के बाद से केसोंग शहर को पूरी तरह बंद करके और हर जिले एवं क्षेत्र का एक-दूसरे से संपर्क समाप्त करके रोकथाम संबंधी कदम उठाया है।’’ बैठक में सीमावर्ती इलाके पर सुरक्षाकर्मियों की चूक पर भी चर्चा की गई, जिसके चलते संदिग्ध मरीज सीमा पार करके उत्तर कोरिया में घुसा। दक्षिण कोरिया सरकार ने अभी उत्तर कोरिया की घोषणा पर कोई टिप्पणी नहीं की है।

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