1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने माना,ऑपरेशन सिंदूर के दौरान तबाह हुआ नूर खान बेस, कई जवान हुए थे जख्मी

पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने माना,ऑपरेशन सिंदूर के दौरान तबाह हुआ नूर खान बेस, कई जवान हुए थे जख्मी

 Edited By: Niraj Kumar
 Published : Dec 28, 2025 01:53 pm IST,  Updated : Dec 28, 2025 01:53 pm IST

पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने माना है कि नूर खान एयरबेस पर भारत के हमलों में नुकसान पहुंचा और वहां तैनात उसके कई जवान घायल भी हुए। यह हमला ऑपरेशन सिंदूर के बाद झड़प के दौरान किया गया।

इशाक डार, डिप्टी पीएम और विदेश मंत्री, पाकिस्तान- India TV Hindi
इशाक डार, डिप्टी पीएम और विदेश मंत्री, पाकिस्तान Image Source : PTI

इस्लामाबाद: पाकिस्तानी सरकार एक बार फिर दुनिया के मंच पर शर्मिंदा हुई है। उसने माना कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद हुई झड़प के दौरान नूर खान एयरबेस पर भारत के हमलों में नुकसान पहुंचा और वहां तैनात उसके कई जवान घायल भी हुए।  पाकिस्तान ने मिलिट्री ठिकानों पर भारत के रणनीतिक और सटीक हमलों के असर को माना है। भारत ने यह ऑपरेशन 22 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में किया गया था, जिसमें 26 नागरिकों की मौत हो गई थी। 

प्रेस ब्रीफिंग के दौरान पुष्टि

पाकिस्तान के विदेश मंत्री और उप प्रधान मंत्री इशाक डार ने शनिवार को साल के आखिर में प्रेस ब्रीफिंग के दौरान पुष्टि की कि भारत ने रावलपिंडी के चकला में उनके नूर खान एयर बेस को निशाना बनाया था, जिससे उनके मिलिट्री ठिकाने को नुकसान पहुंचा और वहां तैनात जवान भी घायल हुए। ब्रीफिंग में डार ने कहा कि भारत ने 36 घंटों के भीतर पाकिस्तानी इलाके में कई ड्रोन भेजे थे, और एक ड्रोन ने मिलिट्री ठिकाने को नुकसान पहुंचाया, जो ऑपरेशन के पैमाने और सटीकता को दिखाता है। 

ड्रोन ने  मिलिट्री ठिकाने को नुकसान पहुंचाया

इशाक डार ने दावा किया," उन्होंने (भारत) पाकिस्तान की ओर ड्रोन भेजे। 36 घंटों में, कम से कम 80 ड्रोन भेजे गए... हम 80 में से 79 ड्रोन को रोकने में कामयाब रहे, और केवल एक ड्रोन ने एक मिलिट्री ठिकाने को नुकसान पहुंचाया और हमले में जवान भी घायल हुए।" उन्होंने घटनाओं के क्रम को और विस्तार से बताते हुए कहा कि पाकिस्तानी प्रधान मंत्री शहबाज शरीफ के नेतृत्व में पाकिस्तान के नागरिक और सैन्य नेतृत्व ने 9 मई की रात को एक बैठक की और बदलती स्थिति के जवाब में कुछ फैसलों को मंजूरी दी। 

10 मई की सुबह हमला हुआ

विदेश मंत्री ने आगे कहा कि भारत ने 10 मई की सुबह नूर खान एयर बेस पर हमला करके गलती की और वहां हुए नुकसान को भी स्वीकार किया। इसके साथ ही विदेश मंत्री डार ने मई में पाकिस्तान के सैन्य ठिकानों पर इंडियन आर्म्ड फोर्सेज द्वारा की गई भारत की रणनीतिक कार्रवाई को भी माना जो ऑपरेशन सिंदूर के बाद हुई थी। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत जम्मू और कश्मीर (PoJK) में नौ आतंकी शिविरों को निशाना बनाया था। मई में ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत के सटीक हमलों में चकला में पाकिस्तान एयर फोर्स बेस नूर खान को काफी नुकसान हुआ था। 

पहलगाम हमले के खिलाफ 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर

बता दें कि इंडियन आर्म्ड फोर्स ने 7 मई की सुबह ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया, जो जम्मू और कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल के आतंकी हमले का जवाबी कार्रवाई थी। भारत के ऑपरेशन के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष गहरा गया, जिसके परिणामस्वरूप पाकिस्तान की ओर से सीमा पार गोलाबारी बढ़ गई और भारतीय सशस्त्र बलों ने जवाबी कार्रवाई की। भारत की जवाबी कार्रवाई से घबराकर पाकिस्तान के डायरेक्टर जनरल ऑफ मिलिट्री ऑपरेशंस (DGMO) ने भारत के DGMO को सीज़फायर का प्रस्ताव दिया, जिसे मान लिया गया। पाकिस्तान के DGMO ने भारत के DGMO को सीज़फायर का प्रस्ताव देने के लिए फोन किया, जिसे भारत ने स्वीकार कर लिया। पाकिस्तानी पक्ष की ओर से संपर्क की पुष्टि विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने भी की। उन्होंने बताया था कि दोनों पक्ष ज़मीन, समुद्र और हवा में सभी मिलिट्री ऑपरेशंस रोकने पर सहमत हो गए हैं। मैक्सार टेक्नोलॉजीज द्वारा 13 मई को ली गई सैटेलाइट तस्वीरों में पाकिस्तान के कई एयर बेस को काफी नुकसान दिखा, जिसमें नूर खान एयर बेस भी शामिल है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश