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यमुना के 80 प्रतिशत प्रदूषण के लिए दिल्ली जिम्मेदार, सफाई की 13 योजनाओं के लिए केजरीवाल सरकार नहीं गंभीर- जल शक्ति मंत्री

 Published : Jul 01, 2021 06:31 pm IST,  Updated : Jul 01, 2021 06:31 pm IST

दिल्ली में यमुना के प्रदूषण को लेकर एक बार फिर से सियासत गर्मा गई है। जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने यमुना पर प्रदूषण को लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर नाराजगी व्यक्त की है।

यमुना के 80 प्रतिशत प्रदूषण के लिए दिल्ली जिम्मेदार- केंद्रीय मंत्री- India TV Hindi
यमुना के 80 प्रतिशत प्रदूषण के लिए दिल्ली जिम्मेदार- केंद्रीय मंत्री Image Source : PTI FILE PHOTO

नई दिल्ली। दिल्ली में यमुना के प्रदूषण को लेकर एक बार फिर से सियासत गर्मा गई है। जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने यमुना पर प्रदूषण को लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर नाराजगी व्यक्त की है। यमुना नदी में बढ़ते प्रदूषण को लेकर केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने गुरुवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को एक पत्र लिखा है। 

गजेंद्र सिंह शेखावत ने दिल्ली के सीएम केजरीवाल के नाम लिखे पत्र में कहा है कि, दिल्ली में यमुना का केवल दो प्रतिशत हिस्सा आता है लेकिन उसके 80 प्रतिशत प्रदूषण के लिए जिम्मेदार है। केंद्र सरकार ने यमुना को स्वच्छ करने के लिए 13 परियोजनाओं में 2419 करोड़ रुपए की सहायता प्रदान की है, लेकिन दुर्भाग्यपूर्ण है कि दिल्ली सरकार ने इसे गंभीरता से नहीं लिया गया। 

शेखावत ने केजरीवाल को याद दिलाते हुए कहा कि यमुना की सफाई आपका चुनावी वादा था। आपने कहा था कि इतनी साफ हो जाएगी कि लोग डुबकी लगाएंगे। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। सीवर ट्रीटमेंट परियोजनाएं देरी से चल रही हैं, गंभीरता की कमी है, कोई भी काम समय पर पूरा नहीं हुआ। केंद्र सरकार दिल्ली सरकार की हर तरह की मदद को तत्पर है। केंद्रीय मंत्री शेखावत द्वारा सीएम केजरीवाल को लिखे पत्र में कहा गया है कि दिल्ली के 18 नालों से लगभग 3500 मीलियन लीटर गंदा पानी प्रतिदिन यमुना में बहाया जाता है। सच तो यही है कि यह पवित्र नदी दिल्ली में आककर किसी गंदे नाले में तब्दील हो गई है। ऐसे में यह अत्यंत आवश्यक है कि इस नदी को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए दिल्ली में सर्वाधित ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए।  

पत्र में कहा गया है कि दिल्ली में यमुना की बुरी स्थिति के मद्देनजर केंद्र सरकार ने दिल्ली सरकार को वित्तीय मदद उपलब्ध कराई है। नमामि गंगे परियोजना के तहत केंद्र सरकार ने 13 परियोजनाओं के लिए 2419 करोड़ रुपए की वित्तीय सहायता दिल्ली सरकार को प्रदान की। इसके तहत प्रतिदिन 1385 मीलियन लीटर सीवर के पानी को साफ करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था लेकिन यह दुर्भाग्य की बात है कि दिल्ली सरकार ने इस अत्यंत महत्वपूर्ण मामले को गंभीरता से नहीं लिया।   

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