Saturday, February 28, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. तहव्वुर राणा को भरे चौक में फांसी देने की मांग, आदित्य ठाकरे बोले- 'कोई समझौता न हो'

तहव्वुर राणा को भरे चौक में फांसी देने की मांग, आदित्य ठाकरे बोले- 'कोई समझौता न हो'

Reported By : Dinesh Mourya Edited By : Subhash Kumar Published : Apr 11, 2025 06:45 pm IST, Updated : Apr 11, 2025 07:07 pm IST

26/11 आतंकी हमलों के आरोपी तहव्वुर राणा को अमेरिका से भारत लाए जाने के बाद 18 दिनों के लिए NIA की कस्टडी में भेज दिया गया है। अब आदित्य ठाकरे ने राणा को भरे चौक में फांसी देने की मांग की है।

आतंकी तहव्वुर राणा के लिए फांसी की मांग।- India TV Hindi
Image Source : PTI आतंकी तहव्वुर राणा के लिए फांसी की मांग।

भारत की आर्थिक राजधानी मुंबई में साल 2008 में हुए आतंकी हमले के एक बड़े आरोपी तहव्वुर राणा को भारत प्रत्यर्पित कर लिया गया है। राणा को विशेष विमान के जरिए गुरुवार को अमेरिका से भारत लाया है। उसके प्रत्यर्पण को भारत की बड़ी जीत बताया जा रहा है। तहव्वुर राणा को NIA की कस्टडी में रखा गया है। वहीं, अब तहव्वुर राणा के प्रत्यर्पण पर राजनीतिक दलों का रिएक्शन भी सामने आ रहा है। इसी क्रम में शिवसेना यूबीटी के नेता और उद्धव ठाकरे के बेटे आदित्य ठाकरे ने तहव्वुर राणा को भरे चौक में फांसी देने की मांग की है।

क्या बोले आदित्य ठाकरे?

शिवसेना यूबीटी के नेता आदित्य ठाकरे ने 26/11 मुंबई आतंकी हमलों के आरोपी तहव्वुर राणा को अमेरिका से भारत लाए जाने पर बड़ा बयान दिया है। आदित्य ठाकरे ने कहा- "तहव्वुर राणा को भरे चौक में फांसी दी जाए। इस पर कोई समझौता नहीं होना चाहिए। दुनिया को संदेश देना चाहिए की आतंक पर भारत कोई समझौता नहीं करता है।"

NIA को मिली 18 दिन की कस्टडी

मुंबई में आतंकी हमलों के आरोपी तहव्वुर राणा को गुरुवार की रात पालम एयरपोर्ट से ले जाकर सीधे पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया। इसके बाद देर रात तक चली सुनवाई के बाद कोर्ट ने तहव्वुर राणा को 18 दिनों के लिए NIA की कस्टडी में भेज दिया गया। बता दें कि एजेंसी ने राणा की 20 दिन की कस्टडी मांगी थी।

यह प्रक्रिया 2009 में शुरू हुई- पी चिदंबरम

26/11 मुंबई हमलों के आरोपी तहव्वुर राणा के भारत प्रत्यर्पण पर पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस नेता पी चिदंबरम ने कहा- "यह प्रक्रिया 2009 में शुरू हुई और फिर 2011 में इसमें तेजी आई, जब अमेरिकी खुफिया एजेंसियों ने राणा की पहचान की। मैं विदेश मंत्रालय, खुफिया एजेंसियों और NIA को लंबी और कठिन लड़ाई के बाद राणा को सफलतापूर्वक भारत वापस लाने के लिए बधाई देता हूं। मुझे यकीन है कि मौजूदा मोदी सरकार में भी कई विदेश सचिवों और मंत्रियों ने अहम भूमिका निभाई है। मैं अमेरिका की तत्कालीन और मौजूदा सरकार को भी धन्यवाद देता हूं।"

ये भी पढे़ं- 'बिहार और बंगाल चुनाव से पहले तहव्वुर राणा को फांसी देने की योजना', शिवेसना नेता संजय राउत का दावा

तहव्वुर राणा के भारत लाए जाने पर फारुक अब्दुल्ला ने दिया बयान, बोले- मेरी बधाई, लेकिन काले धन का क्या हुआ?

Latest India News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत

Advertisement
Advertisement
Advertisement