1. Hindi News
  2. धर्म
  3. Nag Panchmi Date: नाग पंचमी कब मनाई जाएगी 28 या 29 जुलाई? जान लें शुभ पूजा मुहूर्त और महत्व

Nag Panchmi Date: नाग पंचमी कब मनाई जाएगी 28 या 29 जुलाई? जान लें शुभ पूजा मुहूर्त और महत्व

 Written By: Naveen Khantwal
 Published : Jul 23, 2025 01:33 pm IST,  Updated : Jul 23, 2025 01:33 pm IST

नाग पंचमी का त्योहार हर वर्ष सावन के माह में मनाया जाता है। इस वर्ष जुलाई के माह में नाग पंचमी का त्योहार मनाया जाएगा। आइए ऐसे में जान लेते हैं नाग पंचमी की सही तिथि और महत्व।

Nag Panchmi 2025- India TV Hindi
नाग पंचमी 2025 Image Source : SORA AI

Nag Panchami 2025: नाग पंचमी का त्योहार श्रावण माह में शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन नाग देवता की पूजा करने से कालसर्प दोष और सर्पदंश के भय से मुक्ति मिलती है। हिंदू धर्म में मान्यता रखने वाले लोग इस दिन नाग देवता को स्नान करवाते हैं और उन्हें दूध पिलाते हैं। साल 2025 में जुलाई के महीने में नाग पंचमी का त्योहार मनाया जाएगा। हालांकि, इसकी तारीख को लेकर कई लोगों के मन में संशय है। इसलिए आज हम आपको नाग पंचमी की सही तिथि और इसके महत्व के बारे में जानकारी देंगे। 

नाग पंचमी 2024 शुभ मुहूर्त 

नाग पंचमी पूजा श्रावण शुक्ल पंचमी को की जाती है। पंचमी तिथि का आरंभ 28 जुलाई की रात्रि 11 बजकर 24 मिनट से होगा। वहीं 30 जुलाई को रात्रि 12 बजकर 46 मिनट पर पंचमी तिथि समाप्त होगी। यानि उदयातिथि में पंचमी 29 जुलाई को रहेगी। इसलिए 29 जुलाई को ही नाग पंचमी का त्योहार मनाया जाएगा। 

पूजा का शुभ मुहूर्त- नाग पंचमी के दिन पूजा का शुभ मुहूर्त सुबह 5 बजकर 41 मिनट से 8 बजकर 23 मिनट तक रहेगा।  

नाग पंचमी की पूजा विधि

नाग पंचमी के दिन आपको सुबह स्नान-ध्यान के बाद स्वच्छ वस्त्र धारण करने चाहिए। इसके बाद गाय के गोबर की मदद से आपको नाग बनाना चाहिए। इसके बाद नाग देवता का आह्वान आपको करना चाहिए। अगर व्रत लेना चाहते हैं तो व्रत का संकल्प भी आपको इसी दौरान लेना चाहिए। इसके बाद नाग देवता पर मेवा, गुलाल, अबीर, मेहंदी आदि अर्पित करनी चाहिए। नाग देवता की पूजा के दौरान नीचे दिए गए मंत्र का जप आपको करना चाहिए। 

नाग देवता को प्रसन्न करने के लिए मंत्र

सर्वे नागाः प्रीयन्तां मे ये केचित् पृथ्वीतले।

ये च हेलिमरीचिस्था येऽन्तरे दिवि संस्थिताः॥
ये नदीषु महानागा ये सरस्वतिगामिनः।
ये च वापीतडगेषु तेषु सर्वेषु वै नमः॥

अनन्तं वासुकिं शेषं पद्मनाभं च कम्बलम्।
शङ्ख पालं धृतराष्ट्रं तक्षकं कालियं तथा॥
एतानि नव नामानि नागानां च महात्मनाम्।
सायङ्काले पठेन्नित्यं प्रातःकाले विशेषतः।
तस्य विषभयं नास्ति सर्वत्र विजयी भवेत्॥

नाग पंचमी महत्व 

नाग पंचमी के दिन नाग देवता की पूजा करना बेहद शुभ माना जाता है। इस दिन नाग देवता की पूजा करने से कालसर्प दोष से आपको मुक्ति मिलती है। इसके साथ ही भय, रोग और जीवन में आने वाली बाधाएं भी नाग देवता की पूजा से दूर होते हैं। नाग देवता को आध्यात्मिकता से भी जोड़कर देखा जाता है इसलिए अध्यात्म के क्षेत्र में भी नाग देवता की पूजा से उन्नति मिलती है। 

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

यह भी पढ़ें:

Hariyali Amavasya 2025 Timings: हरियाली अमावस्या के दिन किस मुहूर्त में करें श्राद्ध-तर्पण, जानिए सटीक टाइमिंग

24 जुलाई को है सावन अमावस्या, जानें इस दिन कैसे करनी है पूजा और क्या है इसका महत्व

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। धर्म से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।