हाथरस में हुई भगदड़ में 121 लोगों की मौत के लिए कथावाचक नारायण साकार हरि उर्फ भोले बाबा के वकील ने असामाजिक तत्वों को जिम्मेदार ठहराया है। वकील एपी सिंह ने कहा कि उनके अपने लोग कार्यक्रम के आयोजक थे और हादसे के बाद उन्हीं के शव घटनास्थल पर पड़े हुए थे। उन्होंने कहा कि विशेष टीम को मामले की जांच करनी चाहिए और उनके लोग इसमें पूरा सहयोग देंगे।
उत्तर प्रदेश के हाथरस में सिकंदराराऊ क्षेत्र के फुलरई गांव में एक सत्संग के दौरान भगदड़ मच गई थी। इस घटना में कुल 121 लोगों की मौत हो चुकी है। कथावाचक नारायण साकार हरि उर्फ भोले बाबा सत्संग कर रहे थे और अंत में उनका प्रसाद पाने के लिए भक्तों के बीच भगदड़ मच गई, जिसमें बड़ी संख्या में लोग मारे गए। पुलिस ने इस मामले में छह लोगों को गिरफ्तार किया है।
निर्भया कांड से चर्चा में आए वकील एपी सिंह हाथरस हादसे में कथावाचक नारायण साकार हरि उर्फ सूरजपाल जाटव का पक्ष रखेंगे। उन्होंने इस हादसे को लेकर कहा "यह घटना दिल दहला देने वाली है और इसे शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। हमारे ही लोग इस घटना के आयोजक थे और उनके सामने ही उनके अपनों के शव बिछ गए। हम चाहते हैं कि न्याय मिले और इस अपराध को अंजाम देने वाले असामाजिक तत्वों को सजा मिले। हम चाहते हैं कि एसआईटी इसकी जांच करे और हमारे लोग इसमें सहयोग करेंगे।"
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