1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. Yemen Oil Tanker: लाल सागर काला न बन जाए, फटने वाला है सुपर टैंकर, भरा है 10 लाख बैरल तेल

Yemen Oil Tanker: लाल सागर काला न बन जाए, फटने वाला है सुपर टैंकर, भरा है 10 लाख बैरल तेल

 Written By: Avinash Rai
 Published : Mar 28, 2023 01:14 pm IST,  Updated : Mar 28, 2023 01:34 pm IST

इस टैंकर में 8 लाख बैरल से अधिक तेल मौजूद है। ऐसे में यह किसी भी समय डूब सकता है या फिर फट सकता है। अगर यह फटता या डूबता है तो पूरे समंदर में तेल फैल जाएगा जो संभवत: एक बड़े पर्यावरण तबाही को जन्म देगा।

Yemen Oil super Tanker may sink or blast at any time in red sea became threat to environment debate - India TV Hindi
लाल सागर न बन जाए काला, फटने वाला है सुपर टैंकर Image Source : ANTONIOGUTERRES

Yemen Oil Tanker: संयुक्त राष्ट्र के एक अधिकारी ने दुनियाभर के देशों को एक चेतावनी देते हुए भविष्य में होने वाली तबाही को लेकर आगाह किया है। दरअसल यमन का एक सुपर टैंकर हैं जो तेल ले जाने और लेकर आने का काम करता था। इसे 8 साल पहले ही समंदर में छोड़ दिया गया था। इस टैंकर में 8 लाख बैरल से अधिक तेल मौजूद है। ऐसे में यह किसी भी समय डूब सकता है या फिर फट सकता है। अगर यह फटता या डूबता है तो पूरे समंदर में तेल फैल जाएगा जो संभवत: एक बड़े पर्यावरण तबाही को जन्म देगा। संयुक्त राष्ट्र के अधिकारी द्वारा यह खौफनाक चेतावनी देते हुए कहा गया है कि साल 2015 में इसे व्यावहारिक रूप से छोड़ दिया गया था। क्योंकि देश में गृहयुद्ध शुरू हो गया था। अब यह जहाज टूट रहा है। 

टैंकर फटा तो लाल सागर हो जाएगा काला...

संयुक्त राष्ट्र में यमन के अधिकारी डेविड ग्रेसली ने कहा कि हम यह बिल्कुल नहीं चाहते हैं कि लाल सागर में यह घटना घटे और लाला सागर काला सागर हो जाए। यह जहाज 1976 का एक सुपर टैंकर है जो कि पुराना हो चुका है। इसे यमन द्वारा छोड़ दिया गया जो समदंर में किसी भी वक्त फट सकता है। जहांज के पूर्व कप्तान और इस जहाज से परिचित लोगों के मुताबित यह तय है कि इस जहाज में लगभग दस लाख बैरल तेल है जो धमाके के कारण या फिर जहाज के डूबने के कारण पूरे समंदर में फैल जाएगा। इसलिए यह जरूरी है कि जल्द से जल्द कदम उठाया जाए। 

पर्यावरण पर है बड़ा खतरा

ग्रेसलनी ने इस मुद्दे पर अधिकारियों को चर्चा करने को कहा है क्योंकि टैंकर फटने का बड़ा ही गंभीर पर्यावरण परिणाम भुगतना पड़ सकता है। नेचर सस्टेनेबिलिटी के मुताबिक एक अनियंत्रित तेल रिसाव तीन सप्ताह में यमन के लाल सागर के लगभग सभी फिशिंग मार्केट को मार सकता है। तटीय शहरों में रहने वाले लाखों लोगों को इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं क्योंकि समंदर के पास के इलाकों में भोजन का मुख्य श्रोत समुद्र से प्राप्त जीव होते हैं। अगर 10 लाख बैरल तेल का रिसाव समंदर में होता है तो यह अपने आप में एक भयानक त्रासदी होगी। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश