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दुनिया का वह देश जो 25 दिसंबर की बजाय 7 जनवरी को मनाता है क्रिसमस, जानें वजह

 Edited By: Dharmendra Kumar Mishra
 Published : Dec 25, 2022 04:51 pm IST,  Updated : Dec 25, 2022 04:51 pm IST

Christmas Day: पूरी दुनिया में क्रिसमस डे प्रतिवर्ष 25 दिसंबर को मनाया जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि एक देश ऐसा भी है जो 25 दिसंबर के बजाय 7 जनवरी को क्रिसमस डे मनाता है। यह दुनिया का एक मात्र ऐसा देश है, जो प्रति वर्ष 7 जनवरी को क्रिसमस डे मनाता है।

क्रिसमस डे- India TV Hindi
क्रिसमस डे Image Source : AP

Christmas Day: पूरी दुनिया में क्रिसमस डे प्रतिवर्ष 25 दिसंबर को मनाया जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि एक देश ऐसा भी है जो 25 दिसंबर के बजाय 7 जनवरी को क्रिसमस डे मनाता है। यह दुनिया का एक मात्र ऐसा देश है, जो प्रति वर्ष 7 जनवरी को क्रिसमस डे मनाता है। मगर ऐसा पहली बार हुआ है कि यह देश भी वर्ष 2022 का क्रिसमस डे आज के दिन ही मना रहा है। आइए जानते हैं कि यह देश कौन है, जो अभी तक 7 जनवरी को क्रिसमस डे मनाता था, लेकिन इस बार आज के ही दिन सेलिब्रेशन कर रहा है।

प्रति वर्ष 25 दिसंबर की बजाय 7 जनवरी को क्रिसमस डे मनाने वाला यह देश यूक्रेन है। यूक्रेन इन दिनों युद्ध की मार झेल रहा है। यूक्रेनवासी आमतौर पर 7 जनवरी को क्रिसमस मनाते हैं। हालांकि यूक्रेन के साथ अब रूस भी ऐसा करने लगा है, जो कि 7 जनवरी को ही क्रिसमस डे मनाता है। जबकि पूरी दुनिया इसे आज के दिन ही मनाती है। इस साल कुछ ऑर्थोडॉक्स यूक्रेनवासियों ने 25 दिसंबर को क्रिसमस मनाने का फैसला किया है, जैसा कि विश्व भर में कई ईसाई करते हैं। बेशक, इसका संबंध युद्ध से है। दिसंबर महीने में प्रभु यीशु का जन्मोत्सव मनाने के विचार को यूक्रेन में हाल के समय तक पुरातनपंथी माना जाता था, लेकिन रूस के आक्रमण ने कई लोगों के दिलों-दिमाग को बदल कर रख दिया है।

इसलिए 7 जनवरी को क्रिसमस मनाता है यूक्रेन

इस वर्ष अक्टूबर में यूक्रेन में ऑर्थोडॉक्स चर्च का नेतृत्व इस बात से सहमत हुआ कि लोगों को 25 दिसंबर को क्रिसमस मनाने की अनुमति दी जाए। हालांकि यहां अब तक 7 जनवरी को ही क्रिसमस मनाया जाता रहा है। यह चर्च रूसी गिरजाघर और देश में ऑर्थोडॉक्स ईसाई धर्म की दो शाखाओं में से एक से संबद्ध नहीं है। तारीखों का चयन एक ऐसे देश में स्पष्ट रूप से राजनीतिक और धार्मिक दृष्टिकोण से संबद्ध है, जहां प्रतिद्वंद्वी ऑर्थोडॉक्स चर्च हैं तथा जहां अनुष्ठानों में हल्का सा भी बदलाव सांस्कृतिक युद्ध को जन्म दे सकता है। यूक्रेन में ऑर्थोडॉक्सी पर संप्रभुता रखने वाले रूसी ऑर्थोडॉक्स चर्च और कुछ अन्य पूर्वी ऑर्थोडॉक्स गिरजाघरों ने प्राचीन जूलियन कैलेंडर का इस्तेमाल जारी रखा है। इस कैलेंडर (पंचांग) में क्रिसमस ग्रेगोरियन कैलेंडर के 13 दिन बाद या 7 जनवरी को आता है। इसलिए यहां 7 जनवरी को ही क्रिसमस मनाने का चलन है।

हालांकि इस वर्ष बॉबरित्सिया में पिछले हफ्ते किये गये एक सर्वेक्षण में 204 लोगों में से 200 ने क्रिसमस मनाने के लिए नयी तारीख के रूप में 25 दिसंबर को स्वीकृति देने की हामी भरी थी। एक स्थानीय अधिकारी ने कहा, ‘‘यह एक बड़ा कदम है, क्योंकि हमारे इतिहास में कभी भी हमने यूक्रेन में क्रिसमस मनाने का दिन संपूर्ण ईसाई जगत की तारीख पर नहीं रखा था। हर समय हमने अलग दिन निर्धारित किया था।’मगर युद्ध के चलते यूक्रेन भी इस बार 25 दिसंबर को ही क्रिसमस मना रहा है।

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