Hariyali Teej 2020: हरियाली तीज पर महिलाओं का मेहंदी लगाना होता है शुभ, जानें क्या है इसके पीछे की वजह
Hariyali Teej 2020: हरियाली तीज पर महिलाओं का मेहंदी लगाना होता है शुभ, जानें क्या है इसके पीछे की वजह
Written by: India TV Lifestyle Desk
Published : Jul 19, 2020 03:00 pm IST,
Updated : Jul 19, 2020 03:03 pm IST
23 जुलाई को हरियाली तीज है। सुहागिन महिलाओं का इस दिन हाथों पर मेहंदी लगाना शुभ माना जाता है। जानें मेहंदी लगाने के पीछे क्या कारण है।
Image Source : TWITTER/SHANVI SRIVASTAVA
Mehndi
सुहागिन महिलाओं के लिए हरियाली तीज बहुत खास होती है। यह पर्व सावन माह के शुक्ल पक्ष की तृतीया को मनाया जाता है। इस साल ये तीज 23 जुलाई को है। इस दिन शादीशुदा महिलाएं व्रत रखती हैं और माता पार्वती और शिव जी की पूजा करके पति की लंबी उम्र की प्रार्थना करती हैं। मान्यता है कि हरियाली तीज के दिन ही भोलेनाथ ने माता पार्वती को पत्नी के रूप में स्वीकार करने का वरदान दिया था। सुहागिन महिलाएं इस दिन झूला झूलती हैं और हाथों में मेहंदी लगाती हैं। महिलाओं का इस दिन मेहंदी लगाना शुभ माना जाता है। इसके पीछे भी एक मान्यता है।
इस वजह से महिलाएं लगाती है मेहंदी
हरियाली तीज के दिन महिलाएं शिव जी और माता पार्वती की आराधना करती हैं। मान्यता है कि मां पार्वती ने भगवान शिव को मनाने के लिए अपने हाथों में मेहंदी रचाई थी। मां पार्वती की हथेली में रची मेहंदी को देखकर शिव जी प्रसन्न हुए थे और उन्हें स्वीकार कर लिया था।
मेहंदी लगाने से सेहत को भी होता है फायदा
मेहंदी में औषधीय गुण होते हैं।
मेहंदी को सिर, पंजों, हथेली और तलवों में लगाने से शीतलता महसूस होती है।
मेहंदी लगाने से दिमाग शांत रहता है।
मेहंदी से महिलाओं का चिड़चिड़ापन दूर होता है। इसके साथ ही परिवार में सौहार्द्र बना रहता है।
जोड़ों के दर्द में भी मेहंदी से आराम मिलता है।
ऐसे करें पूजा
तीज के दिन महिलाएं ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करें
साफ सुथरे कपड़े पहने के बाद भगवान शिव और माता पार्वती का ध्यान करते हुए व्रत का संकल्प लें
इस दिन बालू के भगवान शंकर व माता पार्वती की मूर्ति बनाकर पूजन किया जाता है और एक चौकी पर शुद्ध मिट्टी में गंगाजल मिलाकर शिवलिंग, रिद्धि-सिद्धि सहित गणेश, पार्वती एवं उनकी सहेली की प्रतिमा बनाई जाती है।
माता को श्रृंगार का सामान अर्पित करें।
इसके बाद भगवान शिव, माता पार्वती का आवाह्न करें
माता-पार्वती, शिव जी और उनके साथ गणेश जी की पूजा करें
शिव जी को वस्त्र अर्पित करें और हरियाली तीज की कथा सुनें
उमामहेश्वरसायुज्य सिद्धये हरितालिका व्रतमहं करिष्ये' मंत्र का जाप करें