बीसीसीएल आईपीओ को नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर यानी एनआईआई कैटेगरी में 78.29 गुना और खुदरा निवेशक की कैटेगरी में 23.85 गुना सब्सक्रिप्शन मिला है। कोल इंडिया के इस ऑफर फॉर सेल से ₹1,071 करोड़ मिलने की उम्मीद है।
सचिन को अपना ब्रैंड एंबेसडर बनाने से कंपनी को पूरे देश में अपना बिजनेस बढ़ाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
सरकारी कोयला कंपनी कोल इंडिया की सब्सिडरी कंपनी बीसीसीएल ने अपने आईपीओ के तहत 10 रुपये की फेस वैल्यू वाले प्रत्येक शेयर के लिए 21-23 रुपये का प्राइस बैंड फिक्स किया है।
यह आईपीओ पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल (ओएफएस) है, जिसके तहत कोल इंडिया अपनी 100% हिस्सेदारी में से हिस्सा बेच रही है। वित्त वर्ष 2025 में BCCL भारत की सबसे बड़ी कोकिंग कोल उत्पादक कंपनी रही।
कंपनी द्वारा 46.57 करोड़ इक्विटी शेयरों का बिक्री प्रस्ताव (ओएफएस) किया जा रहा है, जिसकी कुल राशि 1,071.11 करोड़ रुपये होगी। यह आईपीओ 2026 का पहला सार्वजनिक इश्यू होगा।
रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस के मुताबिक, ये आईपीओ पूरी तरह बिक्री पेशकश (OFS) पर आधारित होगा, जिसमें बीसीसीएल की मूल कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड 46.57 करोड़ इक्विटी शेयरों की बिक्री करेगी।
भारतीय शेयर बाजार में नए साल की शुरुआत से पहले ही IPO की रौनक तेज हो गई है। कैपिटल मार्केट रेगुलेटर SEBI ने एक साथ आठ कंपनियों के IPO को मंजूरी देकर निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ा दी है। इंदिरा IVF, रेज ऑफ बिलीफ, टेम्पेन्स इंस्ट्रूमेंट्स समेत आठ कंपनियों को SEBI से ऑब्जर्वेशन मिल गए हैं।
भारतीय शेयर बाजार के लिए साल 2025 इतिहास में सुनहरे अक्षरों में दर्ज हो गया है। निवेशकों की जबरदस्त भागीदारी और कंपनियों के बढ़ते भरोसे के बीच देश के प्राइमरी मार्केट में ऐसा उछाल देखने को मिला, जो पहले कभी नहीं देखा गया था।
ज़ेप्टो का आईपीओ सफल होता है, तो यह ज़ोमाटो और स्विग्गी जैसे अपने कॉम्पिटीटर के साथ जुड़ जाएगा, जो पहले ही शेयर बाजार में लिस्ट हो चुके हैं। ज़ेप्टो की स्थापना स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के ड्रॉपआउट्स आदित्य पालिचा और काईवल्य वोहरा ने की थी।
कंपनी के शेयरहोल्डरों ने प्रत्येक 19 मौजूदा इक्विटी शेयरों के लिए 1 पूरी तरह से पेड-अप इक्विटी शेयर के रेश्यो में इक्विटी शेयरों के बोनस इश्यू को भी मंजूरी दी।
इस साल आए टॉप 10 मेनबोर्ड आईपीओ ने लिस्टिंग पर अपने निवेशकों को 35.44 प्रतिशत से लेकर 72.50 प्रतिशत तक का बंपर रिटर्न दिया।
सेबी द्वारा साझा की गई जानकारी के मुताबिक, इन सातों कंपनियों ने अपने आईपीओ लाने के लिए मई से लेकर सितंबर के बीच सेबी के पास दस्तावेज जमा किए थे।
कारोबार के पहले 30 मिनट के भीतर ही 5 करोड़ से अधिक शेयरों का लेन-देन हुआ। इस दौरान ट्रेडिंग वैल्यू लगभग ₹950 करोड़ रही। कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन बढ़कर ₹86,000 करोड़ से अधिक हो गया है।
वेकफिट इनोवेशंस आईपीओ को खुदरा निवेशकों से सबसे अधिक बोली मिली है। कंपनी इस आईपीओ के तहत ₹377.18 करोड़ का ताजा इश्यू और 4,67,54,405 इक्विटी शेयरों का ऑफर फॉर सेल (ओएफएस) हिस्सा पेश कर रही है, जो ₹912 करोड़ मूल्य का है।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एएमसी ने अपने आईपीओ के तहत 1 रुपये की फेस वैल्यू वाले प्रत्येक शेयर के लिए 2061 से 2165 रुपये का प्राइस बैंड फिक्स किया है।
मीशो ने अपने इस आईपीओ के तहत 1 रुपये की फेस वैल्यू वाले प्रत्येक शेयर के लिए 105 रुपये से 111 रुपये का प्राइस बैंड फिक्स किया था।
जिन सफल निवेशकों को शेयर मिलेंगे, उनके डीमैट अकाउंट में शेयर उसी दिन क्रेडिट कर दिए जाएंगे। 8 दिसंबर तक Meesho IPO का ग्रे मार्केट प्रीमियम यानी GMP लगभग ₹40–₹41 प्रति शेयर दर्ज किया गया है।
क्विक कॉमर्स सेक्टर में धमाल मचाने वाली कंपनी Zepto ने आखिर वह बड़ा कदम उठा लिया है, जिसका इंतजार निवेशक महीनों से कर रहे थे। पब्लिक होने की तैयारी में जुटी कंपनी अब पब्लिक लिमिटेड बन चुकी है।
मीशो के सार्वजनिक निर्गम में 4,250 करोड़ रुपये के नए शेयरों का इश्यू शामिल है, जबकि 10.55 करोड़ शेयरों की OFS का मूल्य 1,171 करोड़ रुपये है। Vidya Wires आईपीओ का प्राइस बैंड 48–52 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है।
2008 में स्थापित यह कंपनी स्विस लग्जरी घड़ियों के वितरण, मार्केटिंग, रिटेलिंग और आफ्टर-सेल्स सर्विसिंग के क्षेत्र में एक प्रतिष्ठित नाम है। इसके साथ ही कंपनी भारत में घड़ी सर्विसिंग से जुड़े टूल्स और उपकरणों का भी आधिकारिक वितरण करती है।
संपादक की पसंद
लेटेस्ट न्यूज़