केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) में मूल्यांकनकर्ता के रूप में कार्यरत एक सीनियर डॉक्टर को 10 लाख रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है। सीबीआई के अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी।
इन ठिकानों पर की छापेमारी
अधिकारियों के मुताबिक, मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में शरीर रचना विभाग के प्रमुख तपन कुमार ने कर्नाटक के बेलगावी स्थित एक मेडिकल कॉलेज को अनुकूल निरीक्षण रिपोर्ट देने के लिए कथित तौर पर रिश्वत ली थी। सीबीआई ने रविवार को एक बयान में बताया कि जांच एजेंसी ने कोलकाता, बर्धमान और बेलगाम में छापेमारी के दौरान 44.60 लाख रुपये की अतिरिक्त नकदी बरामद की।
रिपोर्ट जारी करने के बदले मांगे थे 10 लाख रुपये
सीबीआई ने बयान में कहा, 'सीबीआई ने इस सिलसिले में 24 मई को उक्त आरोपी और दो निजी व्यक्तियों समेत कुल तीन आरोपियों तथा कर्नाटक के बेलगावी स्थित एक निजी चिकित्सा संस्थान के खिलाफ मामला दर्ज किया था। ऐसा आरोप है कि राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) के साथ मूल्यांकनकर्ता के रूप में काम कर रहे आरोपी वरिष्ठ चिकित्सक ने एक निजी मेडिकल कॉलेज के प्रतिनिधियों से उनके संस्थान के संबंध में अनुकूल निरीक्षण रिपोर्ट जारी करने के बदले में 10 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी।'
रंगे हाथों पकड़ा गया रिश्वतखोर डॉक्टर
सीबीआई के बयान के मुताबिक, खुफिया जानकारी के आधार पर सीबीआई ने उस परिसर पर छापा मारा जहां कथित रिश्वत की रकम का लेनदेन हो रहा था, जिसमें डॉक्टर को उक्त निजी मेडिकल कॉलेज के प्रतिनिधियों से 10 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया। (भाषा के इनपुट के साथ)