1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. PoK में फिर शहबाज सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतरा Gen-Z, युवाओं के आक्रोश से घबराया पाकिस्तान

PoK में फिर शहबाज सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतरा Gen-Z, युवाओं के आक्रोश से घबराया पाकिस्तान

 Edited By: Dharmendra Kumar Mishra
 Published : Nov 06, 2025 04:46 pm IST,  Updated : Nov 06, 2025 04:46 pm IST

पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में जेन-जेड का आंदोलन फिर भड़क उठा है। हजारों की संख्या में आंदोलनकारी मुजफ्फराबाद समेत अन्य जगहों पर सड़कों पर हैं।

पीओके में जेन-जेड का प्रदर्शन- India TV Hindi
पीओके में जेन-जेड का प्रदर्शन Image Source : X@THEMOJOSTORY

मुजफ्फराबाद: पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) के मुजफ्फराबाद और आसपास के शहरों की सड़कें एक बार फिर आंदोलन की आग में झुलस रही हैं। PoK का जेन-जेड इस बार आर-पार के मूड में दिखाई दे रहा है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की गठबंधन सरकार के खिलाफ युवाओं में भारी गुस्सा भड़क उठा है। विश्वविद्यालयों की बढ़ती फीस और परीक्षा मूल्यांकन प्रक्रिया के खिलाफ छात्रों का शांतिपूर्ण प्रदर्शन अब आजादी, आर्थिक राहत और पाकिस्तानी राज्य की कथित शोषण नीतियों के व्यापक विरोध में बदल गया है।

18 से 122 साल के युवाओं की संख्या ज्यादा

इस बार आंदोलन की चिंगारी 30 अक्टूबर को आजाद जम्मू कश्मीर विश्वविद्यालय (यूएजेके) से भड़की। मुजफ्फराबाद में करीब 500 जेन जेड छात्रों ने प्रशासन भवन की ओर मार्च किया। नारे लगे, "फीस नहीं, आजादी!" उनकी मांगों में 40 प्रतिशत फीस वृद्धि का जिक्र था, जो महंगाई के दौर में छात्रों के लिए बोझ बनी हुई है। साथ ही, प्रभावशाली परिवारों को फायदा पहुंचाने वाली कथित रिग्ड ग्रेडिंग सिस्टम पर आरोप लगाए गए। छात्रों का कहना था, "हम सिर्फ शिक्षा के लिए नहीं लड़ रहे, हम अपने भविष्य के लिए लड़ रहे हैं।

लगातार बढ़ती जा रही प्रदर्शनकारियों की संख्या

20  वर्षीय कंप्यूटर साइंस छात्रा और प्रदर्शन समन्वयक आयशा खान ने स्थानीय पत्रकारों से कहा, अभी तनाव और बढ़ेगा। प्रदर्शनकारियों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। इस प्रोटेस्ट में छात्रों के साथ अब मजदूर, दुकानदार और महिला समूह भी शामिल हो गए हैं। पंजाब प्रांत से जुड़ने वाली प्रमुख सड़कों को अवरुद्ध कर दिया गया। इससे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और पाक आर्मी चीफ मुनीर की सांसें फूलने लगी हैं। 

पीओके की मांगी आजादी

आजाद कश्मीर के झंडे लहराए गए और शरीफ के पुतले जलाए गए। टिकटॉक और एक्स (पूर्व ट्विटर) पर आंदोलन वायरल हो गया, जहां #PoKRevolts और #GenZAzadi हैशटैग वैश्विक ट्रेंड बने। वीडियो में युवा पुलिस बैरिकेड्स पर पत्थर फेंकते दिखे, जबकि सुरक्षाबल ने आंसू गैस और लाठियां चलाईं। एमनेस्टी इंटरनेशनल की प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार, कम से कम 47 लोग घायल हुए। यह उग्रता पीओके की लंबे समय से चली आ रही शिकायतों को दर्शाती है। "अब यह फीस की लड़ाई नहीं, सम्मान की लड़ाई है," प्रमुख पीओके कार्यकर्ता अमजद यूसुफ ने एक्स पर ट्वीट किया, जिसे 12 लाख व्यूज मिले। युवा कश्मीर को आजाद करने की मांग भी कर रहे हैं।

शहबाज सरकार के खिलाफ भारी गुस्सा

शरीफ प्रशासन पहले से ही राष्ट्रीय आर्थिक संकट और गठबंधन कलह से जूझ रहा है। गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने 4 नवंबर को "फीस माफी समिति" की घोषणा की, लेकिन प्रदर्शनकारियों ने इसे चाल बताया। इस बीच 200 से अधिक गिरफ्तारियां हुईं, जिनमें छात्र नेता शामिल हैं। छात्रों ने आंदोलन को दमन का आरोप लगाया। शरीफ की प्रमुख सहयोगी  पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) ने आंदोलनकारियों से संवाद की अपील की, लेकिन छात्रों ने कहा कि पीएमएल-एन के कट्टरपंथी "भारतीय एजेंट" का ताना मारते हैं। इसलिए वह वार्ता को तैयार नहीं हुए। 

मुजफ्फराबाद की सड़कों पर भारी आक्रोश

जेन-जेड का इस बार का आंदोलन लगातार विराट होता जा रहा है। इस पर भारत के साथ ही साथ अंतरराष्ट्रीय नजरें टिकी हैं। भारत  पीओके को अपना क्षेत्र मानता है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा, "दमन से स्व-निर्धारण की गूंज तेज होती है।" पांचवें दिन की रात होते ही मुजफ्फराबाद की मुख्य सड़कों पर बैरिकेड्स खड़े हैं और विश्वविद्यालय बंद हैं। जेन जेड की डिजिटल चतुराई-लाइव स्ट्रीमिंग और एन्क्रिप्टेड ऐप्स से समन्वय सरकार की पुरानी रणनीति से आगे निकल गई है। क्या यह "उबाल" रियायतों से शांत होगा, या पीओके का अगला स्वायत्तता आंदोलन बन जाएगा? फिलहाल, आंसू गैस के धुएं में युवाओं की आवाजें गूंज रही हैं। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश