Sunday, March 08, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. 'सरकार गिराने की कोशिश', बांग्लादेश में हुई हिंसा पर फूटा PM शेख हसीना का गुस्सा; जानें और क्या कहा?

'सरकार गिराने की कोशिश', बांग्लादेश में हुई हिंसा पर फूटा PM शेख हसीना का गुस्सा; जानें और क्या कहा?

Edited By: Amit Mishra @AmitMishra64927 Published : Aug 01, 2024 09:19 am IST, Updated : Aug 01, 2024 11:40 am IST

बांग्लादेश में हुई हिंसा को लेकर प्रधानमंत्री शेख हसीना ने बड़ी बात कही है। हसीना ने कहा कि अराजकतावादियों ने श्रीलंका जैसी हिंसा फैलाने और सरकार को हटाने की योजना बनाई थी।

बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना- India TV Hindi
Image Source : FILE REUTERS बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना

ढाका: बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने कहा है कि हाल में आरक्षण में सुधार को लेकर शुरू हुए आंदोलन के दौरान ‘अराजकतावादियों’ ने देश में श्रीलंका जैसी अराजकता पैदा करने और उनकी सरकार को गिराने की कोशिश की। बांग्लादेश में हाल ही में पुलिस और मुख्य रूप से छात्र प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसक झड़पें देखने को मिली थीं। प्रदर्शनकारी विवादास्पद आरक्षण प्रणाली को समाप्त करने की मांग कर रहे थे जिसके तहत 1971 में बांग्लादेश के मुक्ति संग्राम में हिस्सा लेने वाले लड़ाकों के रिश्तेदारों को सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान किया गया था। 

'सरकार को हटाने की थी योजना'

बांग्लादेश में भारतीय उच्चायुक्त प्रणय वर्मा से अपने सरकारी आवास ‘गणभवन’ में मुलाकात के दौरान हसीना ने कहा, ‘‘वास्तव में, उन्होंने (अराजकतावादियों ने) श्रीलंका जैसी हिंसा फैलाने और सरकार को हटाने की योजना बनाई थी।’’ इससे पहले हसीना ने कहा था कि उनकी सरकार ने हाल ही में आरक्षण विरोधी आंदोलन के दौरान हुई देशव्यापी हिंसा की उचित जांच करने तथा हमलों में शामिल वास्तविक दोषियों को दंडित करने के लिए संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतरराष्ट्रीय संगठनों से सहयोग मांगा है। 

'सामान्य नहीं था आंदोलन'

प्रधानमंत्री के प्रेस सचिव मोहम्मद नईमुल इस्लाम खान ने हसीना और वर्मा की मुलाकात की जानकारी संवाददाताओं को दी। इस साल जनवरी में रिकॉर्ड चौथी बार फिर से निर्वाचित हुई हसीना ने कहा कि आरक्षण सुधार पर हालिया आंदोलन बिलकुल भी सामान्य आंदोलन नहीं था, बल्कि एक समय पर यह लगभग आतंकवादी हमले में बदल गया। जुलाई के मध्य में हुई हिंसा में कम से कम 150 लोग मारे गए, कई हजार लोग घायल हुए और प्रमुख सरकारी प्रतिष्ठानों को नुकसान पहुंचा। भारत ने बांग्लादेश में हिंसक विरोध प्रदर्शनों को देश का ‘आंतरिक’ मामला बताया था। भारतीय उच्चायुक्त ने विरोध प्रदर्शनों के दौरान जान-माल के हुए नुकसान पर शोक व्यक्त किया। वर्मा ने कहा कि भारत, सबसे करीबी पड़ोसी के रूप में, प्रगतिशील और समृद्ध बांग्लादेश के दृष्टिकोण के लिए हमेशा बांग्लादेश सरकार और उसके लोगों को समर्थन देता है। (भाषा)

यह भी पढ़ें: 

इस्माइल हानिया की हत्या के बाद कौन होगा हमास का नया 'बॉस', जानिए किसके नाम की है चर्चा

वायनाड हादसे पर रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने जताया दुख, PM मोदी को भेजा शोक संदेश

Latest World News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश

Advertisement
Advertisement
Advertisement